UP: मंदिर में सजेगा शिव परिवार या बनेगा हवन कुंड, 27 दिसंबर को पंचायत में होगा फैसला, ये है पूरा मामला
मुजफ्फरनगर जनपद में मुस्लिम आबादी की अधिकता वाले क्षेत्र में स्थित शिव मंदिर में 32 वर्ष बाद ओम नमः शिवाय की गूंज सुनाई दी। मंदिर में शिव परिवार स्थापित होगा या हवनकुंड बनेगा इसका फैसला पंचायत में होगा।
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तय किया गया है कि 27 दिसंबर को महामाया मंदिर में विभिन्न संगठनों की पंचायत आयोजित की जाएगी। इसी दिन जिम्मेदारी तय होगी। समाज जो निर्णय करेगा वही मान्य होगा। पूजा-अर्चना नियमित की जाएगी तो शिव परिवार की मूर्तियां लगेगी। इसके अलावा अगर महीने में एक बार हवन का आयोजन करेंगे हवन कुंड बनाने के विकल्प पर भी विचार किया जाएगा। समाज को ही अंतिम फैसला करना है।
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बघरा आश्रम के संचालक यशवीर महाराज ने हवन यज्ञ किया था। सोमवार को हिंदू-मुस्लिम समाज के लोगों ने गली की सजावट की थी। साथ ही संतों पर पुष्पवर्षा भी की गई थी। 32 साल बाद शिव मंदिर में पूजन हुआ। तंग गली में दोनों समुदाय के लोगों के बीच खुशी रही। लड्डू बांटे गए थे।
यह था मामला
शहर के लद्दावाला के शिव मंदिर में साल 1992 के बाद पूजा नही हुई थी। यहां रहने वाले हिंदू समुदाय के लोग अयोध्या मंदिर प्रकरण के बाद से मकान बेचकर पलायन कर गए थे। इसके बाद बघरा आश्रम के संचालक स्वामी यशवीर महाराज ने मंदिर को जागृत करने के लिए मंदिर में हवन करने की घोषणा की थी। सोमवार को हवन किया गया ।
बुजुर्ग नईम अहमद का कहना है कि गली में सीसीटीवी लगने चाहिए। इससे निगरानी रहेगी। धार्मिक स्थान पर सतर्कता जरूरी है।
सुरक्षा का होना चाहिए इंतजाम : लियाकत
नागरिक लियाकत अली का कहना है कि गली में सुरक्षा का बंदोबस्त होना चाहिए। गली के लोग नजर रखते हैं, लेकिन रात के समय इसकी व्यवस्था पुलिस-प्रशासन को बनानी चाहिए।
भाईचारे का प्रतीक है मंदिर : शमी
नागरिक राव शमी का कहना है कि मंदिर पर दरवाजा लगाया जाना चाहिए। रात के समय सुरक्षा रहेगी। मंदिर भाईचारे का प्रतीक है।
मंदिर की करेंगे देखभाल : रईस
नागरिक रईस का कहना है कि सब मिलकर मंदिर की देखभाल करेंगे। अभी तक भी मंदिर की नियमित देखभाल की गई है।