फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   Muzaffarnagar: atmosphere of panic among villagers due to increase in water level of Sonali river

उफान पर सोनाली नदी: गांवों के रास्तों पर बाढ़ जैसे हालात, दहशत में ग्रामीण, ले रहे नाव का सहारा

Sat, 16 Sep 2023 09:05 PM IST
कपिल kapil संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर Published by: कपिल kapil Updated Sat, 16 Sep 2023 09:05 PM IST
सार

Muzaffarnagar News : उत्तराखंड की पहाड़ियों से छोड़े गए पानी से सोलानी नदी पर आ गई है। नदी के पानी से गांवों के रास्तों पर बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। वहीं, नदी का जलस्तर बढ़ने की आशंका से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।

विज्ञापन
Muzaffarnagar: atmosphere of panic among villagers due to increase in water level of Sonali river
सोनाली नदी। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मुजफ्फरनगर के पुरकाजी खादर क्षेत्र में उत्तराखंड की पहाड़ियों से छोड़े गए पानी से सोलानी नदी का जलस्तर बढ़ गया है। नदी उफान पर आ गई है। पानी नदी से बाहर निकलकर जंगलों व गांवों के रास्तों पर आ जाने से बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं और ग्रामीणों का आवागमन प्रभावित हो गया है। पानी और बढ़ने की आशंका से ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। नदी में पिछले ढाई माह से पानी के हालात ऐसे हैं कि स्कूली छात्रों व ग्रामीणों को नाव में बैठकर नदी पार करनी पड़ रही है।

विज्ञापन


उत्तराखंड की पहाड़ियों से पानी छोड़े जाने व क्षेत्र में हो रही बारिश से खादर क्षेत्र की सोलानी नदी शनिवार को उफान पर आ गई। पानी सोलानी नदी से बाहर निकलकर जंगलों में भर गया। गांव रामनगर, रजकल्लापुर, रतन पुरी, शेरपुर नगला, चमारावाला, सुहेली, अलमा वाला, बनारसी वाला, भदौला अलमावाला आदि गांवों के रास्तों पर पानी आ जाने से ग्रामीणों का आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो गया। ग्रामीण अपने घरों में कैद होकर रह गए। पानी और बढ़ने की आशंका को लेकर ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है।

विज्ञापन

ग्रामीण सुनील कुमार बारी, राजू प्रजापति, डॉ. गुलशन कुमार, यादराम, साधु राम आदि का कहना है कि पानी और बढ़ गया तो भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। गौरतलब है कि जून से बार-बार उत्तराखंड की पहाड़ियों से पानी छोड़े जाने से खादर क्षेत्र के जंगलों में पानी भरा हुआ है। करोड़ों रुपयों की धान व गन्ने और चारे की फसलें बर्बाद हो गई हैं। पशु पालकों के समक्ष पशुओं के लिए चारे की विकट समस्या बनी हुई है। स्कूली बच्चों व ग्रामीणों को नाव में बैठकर ही सोलानी नदी पार करनी पड़ रही है।

यह भी पढ़ें: Meerut: 350 करोड़ से रफ्तार भरेगी रैपिड, आरआरटीएस कॉरिडोर जारी की गई धनराशि

इसके अलावा मजदूर वर्ग के लोगों को मजदूरी नहीं मिलने के कारण परिवारों का पालन पोषण करना मुश्किल हो रहा है। देवेंद्र खालसा, गुरमीत सिंह, जोगेंद्र सिंह, सतनाम सिंह, राजेंद्र पांचली, राजेश कुमार आदि का कहना है कि कई वर्षों बाद क्षेत्र में इतना पानी छोड़ा गया है। उन्होंने शासन से सोलानी नदी का बांध बनवाने की मांग की है।

यह भी पढ़ें: Mission 2024: जयंत चौधरी को हुआ बुखार, मेरठ में भाईचारा सद्भावना सम्मेलन स्थगित, धरी रह गईं तैयारियां

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed