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Muzaffarnagar News: गवाह की हत्या में दोषी को उम्रकैद
Sat, 01 Feb 2025 01:02 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
Updated Sat, 01 Feb 2025 01:02 AM IST
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मुजफ्फरनगर। चरथावल क्षेत्र के कान्हाहेड़ी गांव में 13 साल पहले गवाह की गोली मारकर हत्या के दोषी संजीव को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। साक्ष्य के अभाव में चार आरोपी दोषमुक्त करार दिए गए। विशेष न्यायधीश (अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम) के पीठासीन अधिकारी अशोक कुमार ने फैसला सुनाया।
कान्हाहेड़ी में 25 मई 2012 को सतीश की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। गांव में कुछ दिन पहले हुई नीटू की हत्या में सतीश गवाह था। पीड़ित पक्ष की ओर से गांव के ही संजीव, हरपाल, चरण सिंह, अमित और ईश्वर चंद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। प्रकरण की सुनवाई विशेष न्यायाधीश (अनुसूचित जाति/ अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम) में हुई। शुक्रवार को साक्ष्यों के अभाव में हरपाल, चरण सिंह, अमित और ईश्वर चंद को दोषमुक्त करार दिया गया, जबकि हत्या में आरोपी संजीव पर दोष सिद्ध हुआ। अदालत ने दोषी को आजीवन कारावास और 11 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
इनसेट
सोनू की हत्या में दो दोषमुक्त
मुजफ्फरनगर। शामली के सिंभालका गांव में सोनू की 19 जनवरी 2009 को गोली मारकर हत्या के मामले में आरोपी बनाए गए सुधीर और मनोज को दोषमुक्त करार दिया गया। प्रकरण की सुनवाई एडीजे तृतीय ने की। प्रकरण में बचाव पक्ष का कहना था कि हमलावरों ने सुधीर और सोनू को गोली मार दी थी। सोनू की मौत हो गई, इसकी तहरीर मनोज ने शामली कोतवाली में दी। आरोप है कि पुलिस ने सुधीर और मनोज के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया था। प्रकरण की सुनवाई में दोनों साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त करार दिए गए।
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कान्हाहेड़ी में 25 मई 2012 को सतीश की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। गांव में कुछ दिन पहले हुई नीटू की हत्या में सतीश गवाह था। पीड़ित पक्ष की ओर से गांव के ही संजीव, हरपाल, चरण सिंह, अमित और ईश्वर चंद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। प्रकरण की सुनवाई विशेष न्यायाधीश (अनुसूचित जाति/ अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम) में हुई। शुक्रवार को साक्ष्यों के अभाव में हरपाल, चरण सिंह, अमित और ईश्वर चंद को दोषमुक्त करार दिया गया, जबकि हत्या में आरोपी संजीव पर दोष सिद्ध हुआ। अदालत ने दोषी को आजीवन कारावास और 11 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
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सोनू की हत्या में दो दोषमुक्त
मुजफ्फरनगर। शामली के सिंभालका गांव में सोनू की 19 जनवरी 2009 को गोली मारकर हत्या के मामले में आरोपी बनाए गए सुधीर और मनोज को दोषमुक्त करार दिया गया। प्रकरण की सुनवाई एडीजे तृतीय ने की। प्रकरण में बचाव पक्ष का कहना था कि हमलावरों ने सुधीर और सोनू को गोली मार दी थी। सोनू की मौत हो गई, इसकी तहरीर मनोज ने शामली कोतवाली में दी। आरोप है कि पुलिस ने सुधीर और मनोज के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया था। प्रकरण की सुनवाई में दोनों साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त करार दिए गए।
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