{"_id":"e69bdc5df0959d61ef2f86fe36ed5a99","slug":"khaki-s-insult-in-politician-power-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सत्ता की हनक में खाकी की 'बेइज्जती'","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सत्ता की हनक में खाकी की 'बेइज्जती'
ब्यूरो/ अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
Updated Tue, 01 Dec 2015 12:25 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुजफ्फरनगर। सत्ता की हनक में सपा नेता की शिकायत पर रविवार रात पूरी चौकी को बेइज्जत होना पड़ा। दरअसल, नेताजी ने कप्तान को फोन कर पूरी चौकी पर शराब पीकर ड्यूटी करने का आरोप मढ़ दिया। सिपाही और दरोगा कसम खाते रहे कि उन्होंने कोई दारु नहीं पी। रात के एक बजे जानसठ सीएचसी पर दरोगा और चार पुलिसकर्मियों की डाक्टरी कराई गई, लेकिन रिपोर्ट में शराब पीने की पुष्टि नहीं हो पाई।
मामला जानसठ कोतवाली की कवाल चौकी का है। इस ब्लाक में ग्राम पंचायत चुनाव का प्रचार थम चुका था, फिर भी प्रधानी के प्रत्याशियों पर शराब और नगदी बांटने की खबर पुलिस को मिली। चौकी पर तैनात पुलिस बल ने रात 12 बजे कवाल में चेकिंग अभियान चलाया।
सपा के पूर्व प्रदेश सचिव अरशद आबिद को सड़क पर ग्रामीणों के साथ देख दरोगा सतवीर सिंह अत्री ने चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन का हवाला दिया। नेताजी की मां कवाल गांव में प्रधान पद की प्रत्याशी हैं। इसे लेकर दरोगा और सपा नेता में कहासुनी हो गई। लोगों ने समझा-बुझाकर मामला शांत कराया।
विज्ञापन
घर पहुंचकर नेताजी ने कप्तान केबी सिंह को फोन लगा दिया और आरोप लगाया कि पूरी चौकी शराब के नशे में है। ग्रामीणों से दुर्व्यवहार किया जा रहा है। तभी कोतवाली प्रभारी धनंजय मिश्रा के मोबाइल पर कप्तान की घंटी आई। एसएसपी के पूछने पर कोतवाल ने कहा कि कवाल चौकी पर तैनात स्टाफ में कोई शराब नहीं पीता।
इस पर भी कप्तान संतुष्ट नहीं हुए और ड्यूटी दे रहे दरोगा अत्री और चार पुलिसकर्मी अरविंद, कर्णवीर, रविंद्र और विनीत को एक-एक कर जानसठ सीएचसी पर बुलाया गया। पुलिसकर्मी लगातार इंकार करते रहे कि उन्होंने जीवन में शराब को हाथ नहीं लगाया।
बावजूद इसके कोतवाल की मौजूदगी में वीडियोग्राफी के साथ मेडिकल टेस्ट कराया गया। पुलिसकर्मियों ने खुद को बेइज्जत महसूस किया। जांच रिपोर्ट आई तो किसी भी पुलिसकर्मी के शराब पीने की पुष्टि नहीं हुई। पुलिसकर्मियों का मुखर विरोध देख कोतवाल प्रभारी रात में दो बजे पूरे स्टाफ को लेकर कवाल पहुंचे।
गांव के लोगों को जगाया और उनकी मौजूदगी में सपा नेता से सवाल किया कि देख लीजिए रिपोर्ट, बताइए शराब किसने पी है? सपा नेता पर कोई जवाब नहीं बन पाया। कोतवाल ने बताया कि पुलिस पर झूठा आरोप लगाने वाले सपा नेता के खिलाफ जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
सपा नेता अरशद आबिद ने फोन कर पुलिसकर्मियों पर शराब पीने का आरोप लगाया था। सीएचसी पर मेडिकल टेस्ट करा दिया, जिसमें लगाए गए आरोप झूठे पाए गए। - केबी सिंह, एसएसपी।
विज्ञापन
मामला जानसठ कोतवाली की कवाल चौकी का है। इस ब्लाक में ग्राम पंचायत चुनाव का प्रचार थम चुका था, फिर भी प्रधानी के प्रत्याशियों पर शराब और नगदी बांटने की खबर पुलिस को मिली। चौकी पर तैनात पुलिस बल ने रात 12 बजे कवाल में चेकिंग अभियान चलाया।
विज्ञापन
सपा के पूर्व प्रदेश सचिव अरशद आबिद को सड़क पर ग्रामीणों के साथ देख दरोगा सतवीर सिंह अत्री ने चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन का हवाला दिया। नेताजी की मां कवाल गांव में प्रधान पद की प्रत्याशी हैं। इसे लेकर दरोगा और सपा नेता में कहासुनी हो गई। लोगों ने समझा-बुझाकर मामला शांत कराया।
विज्ञापन
घर पहुंचकर नेताजी ने कप्तान केबी सिंह को फोन लगा दिया और आरोप लगाया कि पूरी चौकी शराब के नशे में है। ग्रामीणों से दुर्व्यवहार किया जा रहा है। तभी कोतवाली प्रभारी धनंजय मिश्रा के मोबाइल पर कप्तान की घंटी आई। एसएसपी के पूछने पर कोतवाल ने कहा कि कवाल चौकी पर तैनात स्टाफ में कोई शराब नहीं पीता।
इस पर भी कप्तान संतुष्ट नहीं हुए और ड्यूटी दे रहे दरोगा अत्री और चार पुलिसकर्मी अरविंद, कर्णवीर, रविंद्र और विनीत को एक-एक कर जानसठ सीएचसी पर बुलाया गया। पुलिसकर्मी लगातार इंकार करते रहे कि उन्होंने जीवन में शराब को हाथ नहीं लगाया।
बावजूद इसके कोतवाल की मौजूदगी में वीडियोग्राफी के साथ मेडिकल टेस्ट कराया गया। पुलिसकर्मियों ने खुद को बेइज्जत महसूस किया। जांच रिपोर्ट आई तो किसी भी पुलिसकर्मी के शराब पीने की पुष्टि नहीं हुई। पुलिसकर्मियों का मुखर विरोध देख कोतवाल प्रभारी रात में दो बजे पूरे स्टाफ को लेकर कवाल पहुंचे।
गांव के लोगों को जगाया और उनकी मौजूदगी में सपा नेता से सवाल किया कि देख लीजिए रिपोर्ट, बताइए शराब किसने पी है? सपा नेता पर कोई जवाब नहीं बन पाया। कोतवाल ने बताया कि पुलिस पर झूठा आरोप लगाने वाले सपा नेता के खिलाफ जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
सपा नेता अरशद आबिद ने फोन कर पुलिसकर्मियों पर शराब पीने का आरोप लगाया था। सीएचसी पर मेडिकल टेस्ट करा दिया, जिसमें लगाए गए आरोप झूठे पाए गए। - केबी सिंह, एसएसपी।