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सत्य को जानने के लिए पवित्र होना जरूरी : मोहन भागवत
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मुजफ्फरनगर : खतौली में आयोजित धर्मसभा में पहुंचे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत क?
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
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खतौली (मुजफ्फरनगर)। आरएसएस प्रमुख डॉ. मोहन भागवत ने कहा कि सत्य को जानने के लिए पवित्र होना जरूरी है। पवित्र मनुष्य ही बुद्धि के परे जा सकता है। रास्ते और तरीके सबके अलग-अलग हो सकते हैं, लेकिन गंतव्य सबका एक है। सत्य बताता है कोई पराया नहीं, कोई जात-पात नहीं, कहीं कोई ऊंच-नीच भी नहीं होती।
जीटी रोड स्थित नवीन मंडी में आयोजित श्रीकृष्ण मंदिर के वार्षिकोत्सव में भागवत ने कहा कि मनुष्य को सत्य का लाभ देने के लिए अनेक धाराएं चली हैं और चल रही हैं। हमारा समाज सबको स्वीकार करता है। सत्य एक ही होता है। श्रीकृष्ण मंदिर ने फाउंडेशन के माध्यम से समाजसेवा की है। सबका कल्याण एक साथ, सबका विकास एक साथ की सोच के साथ आगे बढ़ना चाहिए।
धर्म पर संकट आते हैं, अधर्मी आक्रमण करते हैं। उसके लिए शक्ति पूर्वक मुकाबला करना पड़ता है। परस्पर सम्मान और आदर से जीवन चलता है। एक-दूसरे के साथ विश्वासन पूर्ण, सम्मान पूर्ण आचरण करना चाहिए। यथाशक्ति नहीं अधिकतम समाजसेवा करें कमाने वाला बड़ा नहीं होता, बांटने वाला हमारे देश में बड़ा होता है, सबकी चिंता करने वाला बड़ा होता है।
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संत पहुंचे तो खिल उठा खतौली
खतौली। श्रीकृष्ण मंदिर के वार्षिकोत्सव में प्रदेश के अलावा दूसरे राज्यों से भी संत-महात्मा पहुंचे। सुबह आठ बजे मंदिर में ध्वजारोहण दिवाकर बाबा ने किया। आरएसएस प्रमुख डॉ. मोहन भागवत पहले मंदिर और इसके बाद समारोह स्थल पर पहुंचे। जगह-जगह उनका स्वागत किया गया। खतौली मंदिर के शांतमुनि माधव व्यास शेवलीकर ने अतिथियों का अभिनंदन किया।
कलाकारों ने किया भाव-विभोर
जैनिथ ड्रास इंस्टीट्यूट दिल्ली से आए कलाकारों ने श्रीकृष्ण भगवान की लीलाओं का नाटक के माध्यम से मंचन किया। कुरुक्षेत्र के मैदान पर भगवान श्रीकृष्ण का संदेश दर्शाया गया।
अतिथियों का किया गया अभिनंदन
आरएसएस प्रमुख ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। अध्यक्षता अमरावती से आए कविश्वर कुलाचार्य कारंजेकर बाबा ने की। प्रस्तावना शेवलीकर बाबा ने रखी। श्रीकृष्ण मंदिर के शांत मुनि माघव व्यास शेवलीकर ने मंचासीन अतिथियों का स्वागत किया।
सरकारी पाठशालाओं को बचाना जरूरी
तपेश्वर तुलाचार्य कर्ण जेकर बाबा ने कहा कि सरकारी पाठशालाओं को बचाना महत्वपूर्ण है। यही से पूर्वजों ने शिक्षा ली है। बड़े-बड़े महात्मा भी इन्हीं पाठशालाओं में पढे़ है।
भक्ति में होती है शक्ति : हरतालकर
विश्व हिंदू परिषद के सचिव प्रशांत हरतालकर ने कहा कि संत तो दिशा देते है, उस दिशा को सभी लोगों को मानना चाहिए। भक्ति में शक्ति होती है, उसका साक्षात्कार करना चाहिए। असामान्य व्यक्ति में भी भक्ति उत्पन्न होनी चाहिए।
शांति के लिए समर्थ व्यक्ति जरूरी : रजनीश
अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय के कुलपति रजनीश शुक्ल ने कहा कि हिंदू समाज अपनी रक्षा करने के साथ ही राष्ट्र की भी रक्षा करेगा। शांति के प्रयास के लिए समर्थ व्यक्ति का होना आवश्यक है। दुनिया में भारत की पहचान बन रही है।
संतों के बिना साफ नहीं रह सकता समाज
संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो निवास वरखेड़ी ने कहा कि संत समाज में नही रहे, तो समाज भी साफ नहीं रह सकता। संतों के दिखाए मार्ग पर चलना चाहिए। सत्य की राह पर चलने से कल्याण होता है।
ये रहे मौजूद
मंच पर शेवलीकर बाबा आश्रम पैठण बदनापुर, कारंजेकर बाबा, कोठी बाबा दत्त, कापूसतलनीकर बाबा मौजूद रहे। मंच के सामने केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. संजीव बालियान, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल, मंत्री लोकेश प्रजापति, राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल, खतौली विधायक विक्रम सैनी, भाजपा जिलाध्यक्ष विजय शुक्ला, पूर्व जिलाध्यक्ष रुपेंद्र सैनी, राजू अहलावत, अमित जैन, राकेश प्रजापति, सुभाष सहानी, डीके जैन, गौरी शंकर गौरी, राकेश चौधरी, विनीत ठाकुर, अमित ठाकुर, सुरेश, विद्याभूषण, सचिन, आन्नद, दिनेश, दीपक चड्ढा, मदन छाबड़ा, विकास कौशिक मौजूद रहे। संचालन सोनाली गुप्ता ने किया।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे
आरएसएस प्रमुख के दौरे के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद रही। तीन सौ से ज्यादा पुलिसकर्मी को तैनात किए गए। कस्बे सहित खतौली बाईपास पर भी पुलिस को तैनात किया गया। मंदिर से लेकर कार्यक्रम स्थल तक दुकानें बंद रखी गई।
इन लोगों का हुआ सम्मान
कार्यक्रम में दिव्यांग खिलाड़ी ओलंपिक पदक विजेता आयुष का पुरस्कृत किया गया। कस्बे की छात्राओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया।
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जीटी रोड स्थित नवीन मंडी में आयोजित श्रीकृष्ण मंदिर के वार्षिकोत्सव में भागवत ने कहा कि मनुष्य को सत्य का लाभ देने के लिए अनेक धाराएं चली हैं और चल रही हैं। हमारा समाज सबको स्वीकार करता है। सत्य एक ही होता है। श्रीकृष्ण मंदिर ने फाउंडेशन के माध्यम से समाजसेवा की है। सबका कल्याण एक साथ, सबका विकास एक साथ की सोच के साथ आगे बढ़ना चाहिए।
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धर्म पर संकट आते हैं, अधर्मी आक्रमण करते हैं। उसके लिए शक्ति पूर्वक मुकाबला करना पड़ता है। परस्पर सम्मान और आदर से जीवन चलता है। एक-दूसरे के साथ विश्वासन पूर्ण, सम्मान पूर्ण आचरण करना चाहिए। यथाशक्ति नहीं अधिकतम समाजसेवा करें कमाने वाला बड़ा नहीं होता, बांटने वाला हमारे देश में बड़ा होता है, सबकी चिंता करने वाला बड़ा होता है।
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संत पहुंचे तो खिल उठा खतौली
खतौली। श्रीकृष्ण मंदिर के वार्षिकोत्सव में प्रदेश के अलावा दूसरे राज्यों से भी संत-महात्मा पहुंचे। सुबह आठ बजे मंदिर में ध्वजारोहण दिवाकर बाबा ने किया। आरएसएस प्रमुख डॉ. मोहन भागवत पहले मंदिर और इसके बाद समारोह स्थल पर पहुंचे। जगह-जगह उनका स्वागत किया गया। खतौली मंदिर के शांतमुनि माधव व्यास शेवलीकर ने अतिथियों का अभिनंदन किया।
कलाकारों ने किया भाव-विभोर
जैनिथ ड्रास इंस्टीट्यूट दिल्ली से आए कलाकारों ने श्रीकृष्ण भगवान की लीलाओं का नाटक के माध्यम से मंचन किया। कुरुक्षेत्र के मैदान पर भगवान श्रीकृष्ण का संदेश दर्शाया गया।
अतिथियों का किया गया अभिनंदन
आरएसएस प्रमुख ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। अध्यक्षता अमरावती से आए कविश्वर कुलाचार्य कारंजेकर बाबा ने की। प्रस्तावना शेवलीकर बाबा ने रखी। श्रीकृष्ण मंदिर के शांत मुनि माघव व्यास शेवलीकर ने मंचासीन अतिथियों का स्वागत किया।
सरकारी पाठशालाओं को बचाना जरूरी
तपेश्वर तुलाचार्य कर्ण जेकर बाबा ने कहा कि सरकारी पाठशालाओं को बचाना महत्वपूर्ण है। यही से पूर्वजों ने शिक्षा ली है। बड़े-बड़े महात्मा भी इन्हीं पाठशालाओं में पढे़ है।
भक्ति में होती है शक्ति : हरतालकर
विश्व हिंदू परिषद के सचिव प्रशांत हरतालकर ने कहा कि संत तो दिशा देते है, उस दिशा को सभी लोगों को मानना चाहिए। भक्ति में शक्ति होती है, उसका साक्षात्कार करना चाहिए। असामान्य व्यक्ति में भी भक्ति उत्पन्न होनी चाहिए।
शांति के लिए समर्थ व्यक्ति जरूरी : रजनीश
अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय के कुलपति रजनीश शुक्ल ने कहा कि हिंदू समाज अपनी रक्षा करने के साथ ही राष्ट्र की भी रक्षा करेगा। शांति के प्रयास के लिए समर्थ व्यक्ति का होना आवश्यक है। दुनिया में भारत की पहचान बन रही है।
संतों के बिना साफ नहीं रह सकता समाज
संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो निवास वरखेड़ी ने कहा कि संत समाज में नही रहे, तो समाज भी साफ नहीं रह सकता। संतों के दिखाए मार्ग पर चलना चाहिए। सत्य की राह पर चलने से कल्याण होता है।
ये रहे मौजूद
मंच पर शेवलीकर बाबा आश्रम पैठण बदनापुर, कारंजेकर बाबा, कोठी बाबा दत्त, कापूसतलनीकर बाबा मौजूद रहे। मंच के सामने केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. संजीव बालियान, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल, मंत्री लोकेश प्रजापति, राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल, खतौली विधायक विक्रम सैनी, भाजपा जिलाध्यक्ष विजय शुक्ला, पूर्व जिलाध्यक्ष रुपेंद्र सैनी, राजू अहलावत, अमित जैन, राकेश प्रजापति, सुभाष सहानी, डीके जैन, गौरी शंकर गौरी, राकेश चौधरी, विनीत ठाकुर, अमित ठाकुर, सुरेश, विद्याभूषण, सचिन, आन्नद, दिनेश, दीपक चड्ढा, मदन छाबड़ा, विकास कौशिक मौजूद रहे। संचालन सोनाली गुप्ता ने किया।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे
आरएसएस प्रमुख के दौरे के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद रही। तीन सौ से ज्यादा पुलिसकर्मी को तैनात किए गए। कस्बे सहित खतौली बाईपास पर भी पुलिस को तैनात किया गया। मंदिर से लेकर कार्यक्रम स्थल तक दुकानें बंद रखी गई।
इन लोगों का हुआ सम्मान
कार्यक्रम में दिव्यांग खिलाड़ी ओलंपिक पदक विजेता आयुष का पुरस्कृत किया गया। कस्बे की छात्राओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया।