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हिंदी भाषा नहीं भारत की आत्मा

Thu, 15 Sep 2022 12:21 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 15 Sep 2022 12:21 AM IST
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Hindi language is not the soul of India
स्कूल-कॉलेजों में हिंदी दिवस पर कार्यक्रम आयोजित
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संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। हिंदी दिवस पर शहर के स्कूल-कॉलेजों में कार्यक्रम आयोजित किए गए। वक्ताओं ने हिंदी को भारत की आत्मा बताया।
एसडी डिग्री कॉलेज में कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य सुधीर कुमार पुंडीर ने किया। मुख्य वक्ता अशोक त्रिपाठी ने कहा कि भाषा संस्कृति की समवाहिका है। अपनी भाषा ही भावों की बेहतर अभिव्यक्ति होती है। हिंदी विभाग की अध्यक्ष निकेता ने विचार रखे। संचालन विश्वंभर पांडेय ने किया। जैन कन्या डिग्री कॉलेज में छात्राओं ने रैली का आयोजन किया। कॉलेज में कार्यक्रम का आयोजन हुआ। प्राचार्या डॉ सीमा जैन, हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ रेशू चौहान, डॉ अनामिका जैन ने हिंदी पर विचार रखे।
ग्रेन चेंबर पब्लिक स्कूल में छात्रा वंशिका ने हिन्दी दिवस की महत्ता पर प्रकाश डाला। विद्यालय के प्रधानाचार्य आजाद वीर ने कहा कि दुनिया की सबसे अधिक बोले जाने वाली भाषाओं अंग्रेजी, स्पेनिश और मैडरिन के बाद हिंदी चौथे स्थान पर है। एसवीएम योगा एंड हेल्थ साइंस कॉलेज में प्राचार्या डॉ रावी जैन ने छात्र-छात्राओं को हिंदी की महत्ता के बारे में बताया गया।
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वर्ल्ड विजन विद्यालय में छात्रों ने भाषण, कविता, दोहों आदि के माध्यम से हिंदी दिवस मनाया। प्रधानाचार्या डॉ मृणालिनी अनंत ने अपने संदेश में कहा कि हिंदी भारत की आत्मा है और आत्मा का विकास किया जाना चाहिए। द दून वैली पब्लिक स्कूल में हिंदी दिवस बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। एसडी ग्लोबल स्कूल में प्रधानाचार्या अनु मलिक ने छात्र-छात्राओं कविता सुनाई।
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हिंदी की वर्तमान दिशा और दशा पर विमर्श
मुजफ्फरनगर। अग्रणी साहित्यिक संस्था वाणी की विशेष गोष्ठी गांधी कालोनी में हुई। हिंदी की वर्तमान दिशा और दशा पर गंभीर विमर्श किया गया। दूसरे चरण में हिंदी पर केंद्रित रचनाओं की प्रस्तुति की गई। गोष्ठी की अध्यक्षता राकेश कौशिक ने की और संचालन रामकुमार शर्मा रागी ने किया। गोष्ठी की आयोजक सुमन युगल रही। इस अवसर पर जेपी सविता, डॉ ए कीर्तिवर्धन, प्रतिभा त्रिपाठी, सुशीला शर्मा, लक्ष्मी डबराल, कमला शर्मा, जितेंद्र पांडे, योगेंद्र सोम, विजया गुप्ता आदि साहित्यकारों ने सहभागिता की।
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