UP: अनुसूचित जाति के युवक की हत्या में पिता-पुत्र पर दोष सिद्ध, अब सजा के लिए होगी सुनवाई, ये है पूरा मामला
Muzaffarnagar News : अनुसूचित जाति के युवक की हत्या के मामले में पिता-पुत्र पर दोष सिद्ध हुआ है। अब 16 अक्तूबर को सजा के प्रश्न पर सुनवाई होगी।
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मुजफ्फरनगर के करवाड़ा गांव में अनुसूचित जाति के पंकज की हत्या के मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायालय संख्या-10 में पिता-पुत्र पर दोष सिद्ध हुआ। सजा के प्रश्न पर 16 अक्तूबर को सुनवाई होगी। जबकि एक आरोपी को अदालत ने साक्ष्यों के अभाव में दोषमुक्त करार दिया है।
सहायक शासकीय अधिवक्ता कुलदीप कुमार और बचाव पक्ष के अधिवक्ता अनिल बालियान ने बताया कि 13 सितंबर 2019 को तितावी थाना क्षेत्र के करवाड़ा गांव निवासी पंकज संदिग्ध हालात में लापता हो गया था। 14 सितंबर को उसका शव खेत में बरामद हुआ। धारदार हथियार से काटकर हत्या की गई थी।
मृतक के भाई प्रवीण ने गांव के ही कंवरपाल, उसके बेटे मोनू और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने जांच के बाद मोनू, कंवरपाल और प्रमोद के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया। पुलिस जांच में हत्या की वजह रंजिश सामने आई थी।
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प्रकरण की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायालय संख्या-10 की पीठासीन अधिकारी हेमलता त्यागी ने की। साक्ष्यों के अभाव में प्रमोद कुमार को दोषमुक्त करार दिया गया। जबकि पिता-पुत्र पर दोष सिद्ध हुआ है।
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