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देवबंद सीएचसी में मरीजों को दी जा रही एक्सपायरी दवाई
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देवबंद (सहारनपुर)। मंडलायुक्त ने बुधवार को देवबंद सीएचसी का निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में किसी भी मरीज के तीमारदार को न घुसने देने और कोविड के नियमों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए। साथ ही मरीजों द्वारा की गई शिकायतों पर चिकित्सकों को जमकर फटकार लगाई।
मंडलायुक्त एवी राजमौलि बुधवार की शाम निरीक्षण करने सीएचसी पहुंचे। भाजपा चिकित्सा प्रकोष्ठ के जिला संयोजक डॉ. सुखपाल सिंह ने बताया कि कोविड की जांच के बाद पॉजिटिव आने वाले मरीजों को एक्सपायरी डेट की दवा दी जा रही है। होम आइसोलेट मरीजों को दवा की किट के साथ उनके सेवन से संबंधित पर्चा भी नहीं दिया जा रहा है। वहीं, छिंपीवाडा निवासी अमित सिंघल ने शिकायत की कि उन्होंने टीकाकरण के लिए ऑनलाइन पंजीकरण कराया था। बुधवार को जब वह अस्पताल में टीका लगवाने पहुंचे तो उनका नाम सूची में न होने की बात कहकर कर्मचारियों ने वापस भेज दिया। वहीं, कई अन्य लोगों ने कमिश्नर से स्वास्थ्य अधिकारियों पर दुर्व्यवहार करने के आरोप लगाए। जिस पर कमिश्नर ने नाराजगी जताई। इस दौरान चिकित्सा अधीक्षक डॉ. इंद्राज सिंह ने बताया कि बुधवार को 18 से 44 वर्ष आयु के 170 युवाओं ने पहली डोज ली जबकि 45 वर्ष से अधिक आयु के 190 लोगों ने दूसरी डोज ली है।
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मंडलायुक्त एवी राजमौलि बुधवार की शाम निरीक्षण करने सीएचसी पहुंचे। भाजपा चिकित्सा प्रकोष्ठ के जिला संयोजक डॉ. सुखपाल सिंह ने बताया कि कोविड की जांच के बाद पॉजिटिव आने वाले मरीजों को एक्सपायरी डेट की दवा दी जा रही है। होम आइसोलेट मरीजों को दवा की किट के साथ उनके सेवन से संबंधित पर्चा भी नहीं दिया जा रहा है। वहीं, छिंपीवाडा निवासी अमित सिंघल ने शिकायत की कि उन्होंने टीकाकरण के लिए ऑनलाइन पंजीकरण कराया था। बुधवार को जब वह अस्पताल में टीका लगवाने पहुंचे तो उनका नाम सूची में न होने की बात कहकर कर्मचारियों ने वापस भेज दिया। वहीं, कई अन्य लोगों ने कमिश्नर से स्वास्थ्य अधिकारियों पर दुर्व्यवहार करने के आरोप लगाए। जिस पर कमिश्नर ने नाराजगी जताई। इस दौरान चिकित्सा अधीक्षक डॉ. इंद्राज सिंह ने बताया कि बुधवार को 18 से 44 वर्ष आयु के 170 युवाओं ने पहली डोज ली जबकि 45 वर्ष से अधिक आयु के 190 लोगों ने दूसरी डोज ली है।
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