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जाट समाज को केंद्र में आरक्षण दिए जाने की मांग
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जाट समाज को केंद्र में आरक्षण दिए जाने की मांग
मुजफ्फरनगर, खतौली। गांव भैसी में अखिल भारतीय जाट आरक्षण सघर्ष समिति के द्वारा जिलाध्यक्ष प्रमोद अहलावत के आवास पर एक प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया। जिसमें पिछले 15 वर्षो से केंद्र में जाटों को आरक्षण न दिए जाने के मुद्दे पर बात की गई।
प्रेसवार्ता के दौरान जिलाध्यक्ष प्रमोद अहलावत ने बताया कि यूपी, दिल्ली, उत्तराखंड, हिमाचल, बिहार, गुजरात, मध्यप्रदेश व राजस्थान के भरतपुर व धौलपुर में केंद्र सरकार ने मार्च 2014 में नौ राज्यों को केंद्रीय स्तर पर ओबीसी सूची में शामिल कर लिया था। जिसकों मार्च 2015 में उच्चतम न्यायालय द्वारा समाप्त कर दिया था। 26 मार्च 2015 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व गृहमंत्री अमित शाह द्वारा प्रधानमंत्री निवास पर सर्घष समिति व जाट समाज के सभी संगठनों, सांसदों, मंत्रियों को प्रधानमंत्री आवास जपर बुलाकर कानून बनाकर आरक्षण दिलाने का वादा किया था। इसी तरह का वायदा फरवरी 2017 में यूपी चुनाव के समय 19 मार्च 2017 को हरियाणा के आंदोलन के समझौता करते समय किया था। 2019 में लोकसभा चुनाव में अमित शाह द्वारा ऐसी ही वायदा किया था। आरक्षण संर्घष समिति द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वायदा याद दिलाने का और जाट समाज को केंद्र में आरक्षण 2022 के चुनाव से पहले देने की मांग की। प्रेसवार्ता में जयप्रकाश शास्त्री, वीरपाल राणा, कवरपाल, बिजेंद्र ंसिह, जोगेंद सिंह पंवार, नकूल, लोकेश आदि उपस्थित रहे।
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मुजफ्फरनगर, खतौली। गांव भैसी में अखिल भारतीय जाट आरक्षण सघर्ष समिति के द्वारा जिलाध्यक्ष प्रमोद अहलावत के आवास पर एक प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया। जिसमें पिछले 15 वर्षो से केंद्र में जाटों को आरक्षण न दिए जाने के मुद्दे पर बात की गई।
प्रेसवार्ता के दौरान जिलाध्यक्ष प्रमोद अहलावत ने बताया कि यूपी, दिल्ली, उत्तराखंड, हिमाचल, बिहार, गुजरात, मध्यप्रदेश व राजस्थान के भरतपुर व धौलपुर में केंद्र सरकार ने मार्च 2014 में नौ राज्यों को केंद्रीय स्तर पर ओबीसी सूची में शामिल कर लिया था। जिसकों मार्च 2015 में उच्चतम न्यायालय द्वारा समाप्त कर दिया था। 26 मार्च 2015 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व गृहमंत्री अमित शाह द्वारा प्रधानमंत्री निवास पर सर्घष समिति व जाट समाज के सभी संगठनों, सांसदों, मंत्रियों को प्रधानमंत्री आवास जपर बुलाकर कानून बनाकर आरक्षण दिलाने का वादा किया था। इसी तरह का वायदा फरवरी 2017 में यूपी चुनाव के समय 19 मार्च 2017 को हरियाणा के आंदोलन के समझौता करते समय किया था। 2019 में लोकसभा चुनाव में अमित शाह द्वारा ऐसी ही वायदा किया था। आरक्षण संर्घष समिति द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वायदा याद दिलाने का और जाट समाज को केंद्र में आरक्षण 2022 के चुनाव से पहले देने की मांग की। प्रेसवार्ता में जयप्रकाश शास्त्री, वीरपाल राणा, कवरपाल, बिजेंद्र ंसिह, जोगेंद सिंह पंवार, नकूल, लोकेश आदि उपस्थित रहे।
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