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मीनाक्षी चौक पर हुए बवाल में 44 के खिलाफ चार्जशीट दाखिल
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मीनाक्षी चौक पर हुए बवाल में 44 के खिलाफ चार्जशीट दाखिल
मुजफ्फरनगर। नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) को लेकर 20 दिसंबर 2019 को शहर के मीनाक्षी चौक पर हुए बवाल के मामले में एसआईटी ने सीजेएम कोर्ट में 44 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है, जबकि तीन को क्लीनचिट दी गई है। अन्य आरोपियों के खिलाफ जांच लंबित है।
सीएए के विरोध में 20 दिसंबर 2019 को शहर क्षेत्र में जमकर बवाल हुआ था। इसमें मीनाक्षी चौक पर भी भीड़ ने न केवल पुलिसकर्मियों पर जानलेवा हमला किया था, बल्कि दर्जनों वाहन भी फूंक डाले थे। शहर कोतवाली और सिविल लाइन थाने में तीन मुकदमे दर्ज कराए गए थे। इनमें एक मुकदमा तत्कालीन खालापार चौकी प्रभारी एसआई विनय शर्मा ने शहर कोतवाली में मुकदमा अपराध संख्या 1161 दर्ज कराया था, जिसमें 151 नामजद व ढाई से तीन हजार अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। नामजद आरोपियों में मुफ्ती जुल्फिकार के बेटे अदनान के साथ ही समाजसेवी अजमल राही, आसिफ राही, इकराम पहलवान, मौलाना रामिब, आवाज-ए-हक के शादाब और कांग्रेस उपाध्यक्ष रानू शामिल शामिल थे। बाद में सीएए बवाल की जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया गया था, जिसमें उक्त मुकदमे की जांच इंस्पेक्टर राजेंद्र सिंह ने की। विवेचक ने इस मामले में सीजेएम कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी है, जिसमें फिलहाल 44 आरोपियों के नाम शामिल किए गए हैं। वहीं, मुकदमे में नामजद किए गए अन्य सभी आरोपियों के खिलाफ जांच अभी लंबित हैं।
सीएए को लेकर हुए बवाल में शहर कोतवाली में दर्ज एक मुकदमे में एसआईटी की ओर से फिलहाल 44 लोगों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की गई है। बाकी की विवेचना अभी जारी है, क्योंकि मुकदमे में डेढ़ सौ नामजद के अलावा करीब तीन हजार अज्ञात लोग हैं। इसलिए अभी जांच जारी है - राजीव शर्मा, जिला शासकीय अधिवक्ता।
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मुजफ्फरनगर। नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) को लेकर 20 दिसंबर 2019 को शहर के मीनाक्षी चौक पर हुए बवाल के मामले में एसआईटी ने सीजेएम कोर्ट में 44 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है, जबकि तीन को क्लीनचिट दी गई है। अन्य आरोपियों के खिलाफ जांच लंबित है।
सीएए के विरोध में 20 दिसंबर 2019 को शहर क्षेत्र में जमकर बवाल हुआ था। इसमें मीनाक्षी चौक पर भी भीड़ ने न केवल पुलिसकर्मियों पर जानलेवा हमला किया था, बल्कि दर्जनों वाहन भी फूंक डाले थे। शहर कोतवाली और सिविल लाइन थाने में तीन मुकदमे दर्ज कराए गए थे। इनमें एक मुकदमा तत्कालीन खालापार चौकी प्रभारी एसआई विनय शर्मा ने शहर कोतवाली में मुकदमा अपराध संख्या 1161 दर्ज कराया था, जिसमें 151 नामजद व ढाई से तीन हजार अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। नामजद आरोपियों में मुफ्ती जुल्फिकार के बेटे अदनान के साथ ही समाजसेवी अजमल राही, आसिफ राही, इकराम पहलवान, मौलाना रामिब, आवाज-ए-हक के शादाब और कांग्रेस उपाध्यक्ष रानू शामिल शामिल थे। बाद में सीएए बवाल की जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया गया था, जिसमें उक्त मुकदमे की जांच इंस्पेक्टर राजेंद्र सिंह ने की। विवेचक ने इस मामले में सीजेएम कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी है, जिसमें फिलहाल 44 आरोपियों के नाम शामिल किए गए हैं। वहीं, मुकदमे में नामजद किए गए अन्य सभी आरोपियों के खिलाफ जांच अभी लंबित हैं।
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सीएए को लेकर हुए बवाल में शहर कोतवाली में दर्ज एक मुकदमे में एसआईटी की ओर से फिलहाल 44 लोगों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की गई है। बाकी की विवेचना अभी जारी है, क्योंकि मुकदमे में डेढ़ सौ नामजद के अलावा करीब तीन हजार अज्ञात लोग हैं। इसलिए अभी जांच जारी है - राजीव शर्मा, जिला शासकीय अधिवक्ता।
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