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सूदखोरों के खिलाफ हो कार्रवाई: राज्यमंत्री
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सूदखोरों के खिलाफ हो कार्रवाई: राज्यमंत्री
मुजफ्फरनगर। शाहजहांपुर में सूदखोर के उत्पीड़न से त्रस्त होकर पत्नी, बच्चों समेत आत्महत्या करने वाले व्यापारी के मामले का संज्ञान लेते हुए राज्यमंत्री कपिलदेव अग्रवाल ने डीएम-एसएसपी को पत्र लिखकर जिले में सक्रिय ऐसे सूदखोरों के खिलाफ कार्रवाई के लिए कहा है।
राज्यमंत्री कौशल विकास कपिलदेव अग्रवाल ने डीएम सेल्वा कुमारी जे और एसएसपी अभिषेक यादव को लिखे पत्र में कहा कि जनपद शाहजहांपुर में सात जून को ही एक दवा व्यापारी ने सूदखोर के उत्पीड़न से त्रस्त होकर अपनी पत्नी व दो बच्चों के साथ आत्महत्या कर ली। जनपद में भी बड़ी संख्या में इस तरह के सूदखोर सक्रिय हैं, जिनसे गरीब रेहड़ा संचालक, पटरी विक्रेता व छोटे दुकानदार जरूरत के समय ब्याज पर रुपये ले लेते हैं। इसके बाद ये सूदखोर इनका मानसिक व आर्थिक शोषण करने के साथ ही उनके घरों की महिलाओं से भी छेड़छाड़ व दुर्व्यवहार कर शारीरिक शोषण तक करते हैं।
दस से 15 प्रतिशत तक का मोटा ब्याज वसूलने वाले इन सूदखोरों के उत्पीड़न से त्रस्त होकर ये गरीब किसी से शिकायत भी नहीं करते और लगातार मोटे कर्ज के नीचे दबकर अपना सब कुछ बेचने और आत्महत्या करने को विवश हो जाते हैं। राज्यमंत्री ने डीएम-एसएसपी से ऐसे सूदखोरों को चिह्नित कर इनकी गोपनीय जांच कराकर इनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
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मुजफ्फरनगर। शाहजहांपुर में सूदखोर के उत्पीड़न से त्रस्त होकर पत्नी, बच्चों समेत आत्महत्या करने वाले व्यापारी के मामले का संज्ञान लेते हुए राज्यमंत्री कपिलदेव अग्रवाल ने डीएम-एसएसपी को पत्र लिखकर जिले में सक्रिय ऐसे सूदखोरों के खिलाफ कार्रवाई के लिए कहा है।
राज्यमंत्री कौशल विकास कपिलदेव अग्रवाल ने डीएम सेल्वा कुमारी जे और एसएसपी अभिषेक यादव को लिखे पत्र में कहा कि जनपद शाहजहांपुर में सात जून को ही एक दवा व्यापारी ने सूदखोर के उत्पीड़न से त्रस्त होकर अपनी पत्नी व दो बच्चों के साथ आत्महत्या कर ली। जनपद में भी बड़ी संख्या में इस तरह के सूदखोर सक्रिय हैं, जिनसे गरीब रेहड़ा संचालक, पटरी विक्रेता व छोटे दुकानदार जरूरत के समय ब्याज पर रुपये ले लेते हैं। इसके बाद ये सूदखोर इनका मानसिक व आर्थिक शोषण करने के साथ ही उनके घरों की महिलाओं से भी छेड़छाड़ व दुर्व्यवहार कर शारीरिक शोषण तक करते हैं।
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दस से 15 प्रतिशत तक का मोटा ब्याज वसूलने वाले इन सूदखोरों के उत्पीड़न से त्रस्त होकर ये गरीब किसी से शिकायत भी नहीं करते और लगातार मोटे कर्ज के नीचे दबकर अपना सब कुछ बेचने और आत्महत्या करने को विवश हो जाते हैं। राज्यमंत्री ने डीएम-एसएसपी से ऐसे सूदखोरों को चिह्नित कर इनकी गोपनीय जांच कराकर इनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
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