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सीनियर सिटीजन बनकर सफर करना पड़ेगा भारी
ब्यूरो/अमर उजाला मुरादाबाद
Updated Mon, 11 Jan 2016 07:16 PM IST
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रेलवे की ओर से सीनियर सिटीजन को मिलने वाली रियायत का दुरुपयोग करना अब आसान नहीं होगा। रेल मंत्रालय ने सीनियर सिटीजन की सीट पर यात्रा करने वाले अपात्र यात्रियों के लिए नई गाइड लाइन जारी की है। वरिष्ठ नागरिक के नाम से सीट आरक्षित कराने वाले पकड़े जाने पर बिना टिकट यात्री माने जाएंगे।
उसी के अनुसार उनसे किराया और पेनाल्टी वसूली जाएगी। यह नियम एक फरवरी 2016 से लागू होगा। रेलवे में सीनियर सिटीजन के लिए विशेष छूट देता है। जिसके तहत साठ वर्ष के पुरुष और 58 वर्ष की आयु वाली महिला को वरिष्ठ नागरिक के तौर पर रियायत पर सफर करने की सुविधा प्रदान करता है।
किराए में वरिष्ठ (पुरुष) नागरिक को चालीस और महिलाओं को 50 प्रतिशत की छूट मिलती है। इसके साथ ही सीनियर सिटीजन कोटा के तहत कंफर्म लोअर बर्थ आवंटित की जाती है। ऐसे में पात्र नागरिकों के साथ ही अपात्र व्यक्ति भी फायदा उठाते हैं। छूट पर कंफर्म टिकट प्राप्त कर लेते हैं।
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पकड़े जाने पर उन्हें केवल डिफरेंस (रियायत और किराए के बीच का फर्क) देना पड़ता है। इस प्रकार उन्हें पूरे किराए पर कंफर्म सीट मिल जाती है। लेकिन रेल मंत्रालय ने इस प्रवृत्ति को रोकने के लिए नई गाइड लाइन जारी की है। जिसके तहत सीनियर सिटीजन की टिकट पर यात्रा करते हुए पकड़े गए अपात्र व्यक्ति को बिना टिकट माना जाएगा। उससे किराए के साथ ही पेनाल्टी भी वसूली जाएगी। इतना ही नहीं कोई दूसरी सीट उपलब्ध होने पर उपलब्ध कराई जाएगी अन्यथा बिना सीट भी हो सकते हैं।
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उसी के अनुसार उनसे किराया और पेनाल्टी वसूली जाएगी। यह नियम एक फरवरी 2016 से लागू होगा। रेलवे में सीनियर सिटीजन के लिए विशेष छूट देता है। जिसके तहत साठ वर्ष के पुरुष और 58 वर्ष की आयु वाली महिला को वरिष्ठ नागरिक के तौर पर रियायत पर सफर करने की सुविधा प्रदान करता है।
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किराए में वरिष्ठ (पुरुष) नागरिक को चालीस और महिलाओं को 50 प्रतिशत की छूट मिलती है। इसके साथ ही सीनियर सिटीजन कोटा के तहत कंफर्म लोअर बर्थ आवंटित की जाती है। ऐसे में पात्र नागरिकों के साथ ही अपात्र व्यक्ति भी फायदा उठाते हैं। छूट पर कंफर्म टिकट प्राप्त कर लेते हैं।
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पकड़े जाने पर उन्हें केवल डिफरेंस (रियायत और किराए के बीच का फर्क) देना पड़ता है। इस प्रकार उन्हें पूरे किराए पर कंफर्म सीट मिल जाती है। लेकिन रेल मंत्रालय ने इस प्रवृत्ति को रोकने के लिए नई गाइड लाइन जारी की है। जिसके तहत सीनियर सिटीजन की टिकट पर यात्रा करते हुए पकड़े गए अपात्र व्यक्ति को बिना टिकट माना जाएगा। उससे किराए के साथ ही पेनाल्टी भी वसूली जाएगी। इतना ही नहीं कोई दूसरी सीट उपलब्ध होने पर उपलब्ध कराई जाएगी अन्यथा बिना सीट भी हो सकते हैं।