{"_id":"67bf7a5ffe22f95ef50f02be","slug":"two-months-salary-was-given-by-preparing-fake-appointment-letter-moradabad-news-c-15-1-mbd1027-591410-2025-02-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Moradabad News: फर्जी नियुक्तिपत्र तैयार कर दो माह दिया था वेतन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Moradabad News: फर्जी नियुक्तिपत्र तैयार कर दो माह दिया था वेतन
विज्ञापन
मुरादाबाद। निगम निगम में 100 से ज्यादा लोगों की नौकरी लगवाने का झांसा देकर ठगी करने वाला गिरफ्तार आरोपी विजय बाबू बहुत शातिर निकला। उसने ठगी के लिए लोगों को फर्जी नियुक्तिपत्र तक बांटे और मोहल्लों में काम भी कराया।
दो महीने वेतन भी दिए। लेकिन न तो नगर निगम को भनक लगी और न ही पुलिस को। अब पुलिस नियुक्तिपत्र तैयार करने वाले विजय के साथियों की तलाश कर रही है। गलशहीद थाना क्षेत्र के भूड़ा का चौराहा निवासी ममता और अन्य महिला और युवाओं ने गलशहीद थाने में लाइन पार निवासी विजय बाबू के खिलाफ केस दर्ज कराया है, जिसमें उन्होंने बताया कि विजय बाबू ने खुद को नगर निगम कर्मचारी बताकर उनसे संपर्क किया था।
आरोपी ने सभी से डेढ़-डेढ़ लाख रुपये लेकर नियुक्तिपत्र दिए थे। इसके बाद आरोपी ने शहर के कई मोहल्लों में सफाई का कार्य भी कराया। नगर निगम को इसकी भनक तक नहीं लगी।
विज्ञापन
इतना नहीं आरोपी ने पीड़ितों के खाते में दो माह का वेतन भी भेज दिया था। इसके बाद वेतन मिलना बंद हुआ तो उन्हें शक हो गया। आरोपी से संपर्क किया तो उसने फोन उठाना बंद कर दिया। सफाई का कार्य किस मोहल्ले में किया जाना हैं। इसकी भी जानकारी नहीं दी गई है। अब पुलिस विजय के अन्य साथियों के बारे में जानकारी जुटा रही है।
विज्ञापन
दो महीने वेतन भी दिए। लेकिन न तो नगर निगम को भनक लगी और न ही पुलिस को। अब पुलिस नियुक्तिपत्र तैयार करने वाले विजय के साथियों की तलाश कर रही है। गलशहीद थाना क्षेत्र के भूड़ा का चौराहा निवासी ममता और अन्य महिला और युवाओं ने गलशहीद थाने में लाइन पार निवासी विजय बाबू के खिलाफ केस दर्ज कराया है, जिसमें उन्होंने बताया कि विजय बाबू ने खुद को नगर निगम कर्मचारी बताकर उनसे संपर्क किया था।
विज्ञापन
आरोपी ने सभी से डेढ़-डेढ़ लाख रुपये लेकर नियुक्तिपत्र दिए थे। इसके बाद आरोपी ने शहर के कई मोहल्लों में सफाई का कार्य भी कराया। नगर निगम को इसकी भनक तक नहीं लगी।
विज्ञापन
इतना नहीं आरोपी ने पीड़ितों के खाते में दो माह का वेतन भी भेज दिया था। इसके बाद वेतन मिलना बंद हुआ तो उन्हें शक हो गया। आरोपी से संपर्क किया तो उसने फोन उठाना बंद कर दिया। सफाई का कार्य किस मोहल्ले में किया जाना हैं। इसकी भी जानकारी नहीं दी गई है। अब पुलिस विजय के अन्य साथियों के बारे में जानकारी जुटा रही है।