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Moradabad : चलती कार में ड्राइविंग सीट छोड़ बोनट पर पहुंच गया स्टंटबाज, पुलिस ने किया गिरफ्तार, कार जब्त
Sat, 01 Oct 2022 12:38 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, मुरादाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, मुरादाबाद
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sat, 01 Oct 2022 12:38 AM IST
सार
Moradabad: सोशल मीडिया पर कमेंट्स और लाइक्स बढ़ाने के लिए एक युवक ने कार पर खतरनाक स्टंटबाजी की। उसने चलती कार में ड्राइविंग सीट छोड़ दी और बोनट पर पहुंच गया। स्टंटबाजी का ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो पुलिस ने युवक को गिरफ्तार कर लिया और कार सीज कर दी।
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स्टंटबाज...
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
सोशल मीडिया पर कमेंट्स और लाइक्स बढ़ाने के लिए एक युवक ने कार पर खतरनाक स्टंटबाजी की। उसने चलती कार में ड्राइविंग सीट छोड़ दी और बोनट पर पहुंच गया। स्टंटबाजी का ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो पुलिस ने युवक को गिरफ्तार कर लिया और कार सीज कर दी। नौ सेकेंड का एक रील वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।
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वीडियो में पंजाबी गाने पर रील बनाता युवक दिखाई दे रहा है। वह युवक चलती कार में ड्राइविंग सीट छोड़कर बोनट पर पहुंच जाता है। एक ट्विटर यूजर ने अपने एकाउंट से ट्वीट किया था जिसमें मुरादाबाद पुलिस को टैग कर किया गया। इसके बाद मुरादाबाद पुलिस कार और स्टंटबाज की तलाश में जुट गई थी। पुलिस ने ई चालान एप की मदद से गाड़ी मालिक के बारे में जानकारी जुटाई। कार हैदर अहमद के नाम पर पंजीकृत है।
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शुक्रवार को कटघर पुलिस ने कोहिनूर तिराहे पर चेकिंग में कार पकड़ ली। इसके अलावा स्टंटबाजी करने वाले युवक हसन को भी गिरफ्तार कर लिया। युवक मैनाठेर के गुरैर गांव निवासी है। पुलिस ने शांति भंग में उसका चालान किया है।
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सेवानिवृत्ति के बाद रेलकर्मियों को 180 दिन में मिलेगा भुगतान
सेवानिवृत्ति के बाद रेलवे कर्मचारियों का बकाया भुगतान अब ज्यादा दिन नहीं रोका जाएगा। 180 दिन के भाीतर कर्मचारी को सारी राशि सौंप दी जाएगी। रेलवे के नियमानुसार वाणिज्य और परिचालन विभाग के कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति पर कुछ रकम रोक ली जाती थी।
यह राशि 50 हजार से दो लाख रुपये के बीच होती है। इसे प्राप्त करने के लिए लेखा विभाग कर्मचारी को अनापत्ति पत्र जारी करता है। इस पत्र के जारी होने में पांच-पांच साल लग जाते हैं। सेवानिवृत्त रेल कर्मियों को डीआरएम कार्यालय के चक्कर लगाने पड़ते हैं। एआईआरएफ और नॉर्दर्न रेलवे मेंस यूनियन ने इसे लेकर आवाज उठाई थी। संगठन की जीएम के साथ हुई पीएनएम वार्ता में इस मुद्दे पर सहमित बनी।
अब रेल कर्मियों की 50 हजार रुपये से ज्यादा राशि सेवानिवृत्ति के समय नहीं रोकी जाएगी। इस राशि का भुगतान भी 180 दिन के अंदर किया जाएगा। इसके अलावा मंडल के व्यस्त रेल फाटकों पर गेटमैनों से आठ घंटे ड्यूटी कराने पर सहमित बनी। साथ ही अक्तूबर माह में ट्रैकमैनों को सेफ्ट शूज वितरित किए जाने की मांग मानी गई है।