फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Moradabad News ›   Moradabad SIT arrested Puneet from Agra

Moradabad News: फर्जी फर्मों से 269 करोड़ की खरीद-फरोख्त, 48 करोड़ का आईटीसी हड़पने वाला सरगना गिरफ्तार

Sat, 28 Feb 2026 10:57 PM IST
अनुज कुमार अमर उजाला ब्यूरो, मुरादाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, मुरादाबाद Published by: अनुज कुमार Updated Sat, 28 Feb 2026 10:57 PM IST
सार

मुरादाबाद एसआईटी ने आगरा के सदर बाजार निवासी पुनीत को गिरफ्तार किया, जो पिछले सात साल से फर्जी फर्म बनाकर सरकार से करोड़ों रुपये का इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) हड़प रहा था। आरोपी के कब्जे से दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं।

विज्ञापन
Moradabad SIT arrested Puneet from Agra
पुलिस की गिरफ्त में सरगना पुनीत - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

फर्जी फर्म बनाकर करीब 269 करोड़ रुपये की खरीद फरोख्त दिखाकर सरकार से 48 करोड़ रुपये की आईटीसी लेने वाले गिरोह का सरगना पुनीत एसआईटी ने गिरफ्तार कर लिया। आगरा के सदर बाजार क्षेत्र में रहने वाला पुनीत पिछले सात साल से अपने गिरोह के साथ मिलकर सरकार को चूना लगा रहा था। टीम ने इसके कब्जे दस्तावेज, इलेक्ट्रानिक उपकरण बरामद किए हैं।

विज्ञापन


एसपी क्राइम सुभाष चंद्र गंगवार ने बताया कि राज्यकर विभाग रेंज-बी मुरादाबाद के प्रधान सहायक आदित्य प्रताप सिंह ने सिविल लाइंस थाने में अल जजा ट्रेडर्स के खिलाफ 1.20 करोड़ रुपये की जीएसटी चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। एसआईटी इस मामले की जांच कर रही है। जिसमें लकड़ी की खरीद फरोख्त दिखाकर फर्जी बिल तैयार किए गए हैं। 

विज्ञापन

टीम की जांच जैसे जैसे आगे बढ़ती गई वैसे वैसे कड़ी जुड़ती चली गई हैं। टीम जीएसटी नंबर, मोबाइल नंबर और बैंक खातों के जरिए आगरा के सदर बाजार थाना क्षेत्र के मधु नगर ताल फिरोज खान नई आबादी निवासी पुनीत तक पहुंच गई। पुलिस ने पुनीत को आगरा से गिरफ्तार कर लिया। उसने पूछताछ में बताया कि 2019 में दिल्ली में कपड़े की दुकान पर काम करता था। वहां उसकी मुलाकात सिद्दीकी नाम के व्यक्ति से हुई। 

उसने पुनीत की पत्नी के नाम मेघना इंटरप्राइजेज फर्म बनाई और उसका जीएसटी नंबर हासिल कर लिया। जिसके बदले में उसे बीस हजार रुपये दिए गए। इसके बाद फर्म के जीएसटी नंबर के जरिए फर्जी बिल बना लिए गए। इसके बाद सिद्दीकी ने पुनीत को रुपये देने बंद कर दिए। इसके बाद पुनीत ने जीएसटी जाकर यूजर नेम व पासवर्ड हासिल कर लिया। सिद्दीकी से जो भी पार्टी जुड़ी थीं पुनीत ने उनसे संपर्क किया और उनके रुपये निकालकर अपना कमीशन काटकर रुपयों को पार्टी को सीधे उपलब्ध कराने लगा था। 

इसके बाद उसने अपना नेटवर्क तैयार कर लिया। पत्नी, बेटी और अन्य लोगों के नाम से फर्म बनाकर बिना माल की खरीद फरोख्त के बिल तैयार होने लगे। इन फर्मों के माध्यम से इनपुट टैक्स क्रेडिट (आइटीसी) लेकर रकम विभिन्न खातों में घुमाई जाती और बाद में नकद निकासी कर कमीशन काटकर पार्टी को उपलब्ध करा दिया जाता था। 

एसआईटी की जांच में अब तक सामने आया है कि पुनीत ने अपने गिरोह के साथ मिलकर 269 करोड़ की फरीद फरोख्त दिखाकर सरकार से 48 करोड़ रुपये का टीआईसी ले लिया है। टीम इस गिरोह के अन्य लोगों की तलाश में जुटी है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed