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बाइक से रिक्शा बांधकर कर ली तैयारी, फिर दिल्ली से बिहार की ओर निकल पड़े मजदूर

Mon, 01 Jun 2020 02:15 PM IST
प्राची प्रियम संवाद न्यूज एजेंसी, गजरौला(अमरोहा)
संवाद न्यूज एजेंसी, गजरौला(अमरोहा) Published by: प्राची प्रियम Updated Mon, 01 Jun 2020 02:15 PM IST
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migrant workers discover their own bike rickshaw when didnot get any other accomodation to go home
बाइक से रिक्शे को बांधकर घर जाते मजदूर - फोटो : अमर उजाला

दिल्ली व अन्य प्रांतों के साथ ही बुलंदशहर, मेरठ, गाजियाबाद, हापुड़ से परिवार के साथ लौटने वाले श्रमिक किसी भी हालत में अपने-अपने घरों को पहुंचने की जद्दोजहद में जुटे हुए हैं। शाहदरा से कटिहार (बिहार) जा रहे नौ श्रमिकों ने दो मोटर रिक्शाएं तैयार कीं और उन्हें बाइक से बांधकर निकल पड़े डेढ़ हजार किलोमीटर के सफर पर। 

migrant workers discover their own bike rickshaw when didnot get any other accomodation to go home
बाइक से रिक्शे को बांधकर घर जाते मजदूर - फोटो : अमर उजाला

मुरादाबाद जिले से गुजर रहे जज्बा फाउंडेशन अमरोहा के अध्यक्ष इकबाल खान की निगाह उन पर पड़ी तो उन्होंने श्रमिकों को रुकवा लिया। उनकी वीडियो बनाई और डीएम उमेश मिश्र को फोन कर उन्हें मदद दिलाने की अपील की। डीएम के निर्देश पर आनन-फानन में पुलिस वहां पहुंची और सभी को आश्रय स्थल भिजवा दिया।

migrant workers discover their own bike rickshaw when didnot get any other accomodation to go home
बाइक से रिक्शे को बांधकर घर जाते मजदूर - फोटो : अमर उजाला

रविवार शाम चौपला फ्लाईओवर के ऊपर एक बाइक के पीछे बल्ली से बंधी दो रिक्शाओं में बैठे परिवार को देख उधर से गुजर रहे जज्बा फाउंडेशन अमरोहा के अध्यक्ष इकबाल खान ने अपनी गाड़ी रोक दी। अपने साथी मोहम्मद नूर आदि के साथ उन्हें रोककर उनकी परेशानी पूछी। 

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migrant workers discover their own bike rickshaw when didnot get any other accomodation to go home
बाइक से रिक्शे को बांधकर घर जाते मजदूर - फोटो : अमर उजाला

बाइक चला रहे पंकज कुमार ने बताया कि दो परिवारों के नौ सदस्य शाहदरा में एक फैक्ट्री में काम करते थे। शनिवार रात एक बजे वहां से कटिहार के लिए निकले हैं। इस परिवार में शामिल राजकुमार, देवंती देवी, चंद्रा, नीरज, दिनेश आदि ने बताया कि उन्हें किसी भी हालत में घर पहुंचने की फिक्र है। 

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बाइक से रिक्शे को बांधकर घर जाते मजदूर - फोटो : अमर उजाला

वहीं इकबाल खान ने उनकी वीडियो बनाकर फेसबुक पर अपडेट कर दी और डीएम उमेश मिश्र को फोन कर उनकी मदद कराने की अपील की। कार्यवाहक थाना प्रभारी एसएसआई प्रमोद कुमार पाठक ने बताया कि सभी को आश्रय स्थल भिजवा दिया गया है।

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