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Moradabad News: लारा कोर्ट ने सिविल लाइंस थाना प्रभारी के खिलाफ जारी किया जमानती वारंट
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मुरादाबाद। लारा कोर्ट (न्यायालय भूमि अर्जन पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन प्राधिकरण) ने सिविल लाइंस थाना प्रभारी के हाजिर नहीं होने पर पांच हजार रुपये का जमानती वारंट जारी किया है। इस मामले में कोर्ट ने एसएसपी के माध्यम से वारंट को तामील कराने के निर्देश दिए हैं।
अदालत में राज्य बनाम थाना प्रभारी सिविल लाइंस मनीष सक्सेना का एक प्रकीर्ण वाद विचाराधीन है। पांच जनवरी को अदालत ने थाना प्रभारी का सम्मन एसएसपी मुरादाबाद को प्राप्त कराया था। इस मामले में 20 फरवरी की तिथि निर्धारित की गई थी। इस दौरान थाना प्रभारी की तरफ से बीमारी के आधार पर स्थगन प्रार्थनापत्र प्रस्तुत किया गया। उस समय अदालत ने प्रार्थनापत्र को स्वीकार कर लिया।
शुक्रवार को फिर पुकार लगाने के बावजूद विपक्षी थाना प्रभारी अदालत में उपस्थित नहीं हो सके। इस मामले में उन्होंने कोई स्थगन प्रार्थना पत्र भी प्रस्तुत नहीं किया। अदालत का कहना है कि विपक्षी के आचरण से प्रतीत हो रहा है कि वह जानबूझकर न्यायिक कार्य में विघटन उत्पन्न कर रहा है। इस मामले में अदालत ने विपक्षी थाना प्रभारी मनीष सक्सेना पर पांच हजार रुपये का जमानती वारंट जारी कर दिया। इस मामले में अगली सुनवाई सुनवाई 17 मार्च को होगी।
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अदालत में राज्य बनाम थाना प्रभारी सिविल लाइंस मनीष सक्सेना का एक प्रकीर्ण वाद विचाराधीन है। पांच जनवरी को अदालत ने थाना प्रभारी का सम्मन एसएसपी मुरादाबाद को प्राप्त कराया था। इस मामले में 20 फरवरी की तिथि निर्धारित की गई थी। इस दौरान थाना प्रभारी की तरफ से बीमारी के आधार पर स्थगन प्रार्थनापत्र प्रस्तुत किया गया। उस समय अदालत ने प्रार्थनापत्र को स्वीकार कर लिया।
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शुक्रवार को फिर पुकार लगाने के बावजूद विपक्षी थाना प्रभारी अदालत में उपस्थित नहीं हो सके। इस मामले में उन्होंने कोई स्थगन प्रार्थना पत्र भी प्रस्तुत नहीं किया। अदालत का कहना है कि विपक्षी के आचरण से प्रतीत हो रहा है कि वह जानबूझकर न्यायिक कार्य में विघटन उत्पन्न कर रहा है। इस मामले में अदालत ने विपक्षी थाना प्रभारी मनीष सक्सेना पर पांच हजार रुपये का जमानती वारंट जारी कर दिया। इस मामले में अगली सुनवाई सुनवाई 17 मार्च को होगी।
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