फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Moradabad News ›   GIS survey: Piles of complaints in the corporation, more than 1700 objections pending

जीआईएस सर्वे : निगम में लगा शिकायतों का अंबार, 1700 से अधिक आपत्तियां लंबित

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 22 Oct 2024 06:43 AM IST
विज्ञापन
GIS survey: Piles of complaints in the corporation, more than 1700 objections pending
मुरादाबाद। हाउस टैक्स के लिए पीतलनगरी में हुए जीआईएस (ज्योग्राफिकल इंफॉर्मेशन सिस्टम) सर्वे को लेकर निगम में शिकायतों की भरमार है। अब भी निगम के पास गृह कर के 1700 से अधिक मामले लंबित पड़े हुए हैं। निगम को हर दिन 15 से 20 आपत्तियां प्राप्त हो रही हैं। लोगों का आरोप है कि सर्वे ठीक तरीके से नहीं किया गया है। कहीं, मकान को काॅमर्शियल श्रेणी में रख दिया गया है तो कहीं, दुकानदारों को ही पूरे मकान के हाउस टैक्स का नोटिस भेज दिया गया।
विज्ञापन

निगम में हाउस टैक्स में कवर्ड एरिया को लेकर भी शिकायतें पहुंची हैं। लोगों का आरोप है कि ऑनलाइन सर्वे होने की वजह से संपत्ति का कवर्ड एरिया ज्यादा दिख रहा है। बहुत सारे लोगों ने अपने घर की दूसरी या तीसरी मंजिल पर थोड़ा सा निर्माण कराकर छोड़ दिया था। सर्वे में उसे भी पूरा कवर्ड दिखा दिया गया है। इसके हिसाब से उनका टैक्स ज्यादा हो गया है। नगर निगम प्रशासन अब इन सभी आपत्तियों के निस्तारण के लिए दीपावली के बाद कैंप लगाएगा।
विज्ञापन


केस एक
- मंडी चौक के रहने वाले आशीष अग्रवाल का आरोप है कि उनके भवन को व्यावसायिक वर्ग में रखा गया है, जबकि घर में एक भी दुकान नहीं है और न ही कोई किरायेदार है। इसको लेकर वह भागदौड़ कर रहे हैं, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

केस दो -
सराफा बाजार के संदीप मित्तल का कहना है कि उनकी बाजार में दुकान है। उन्हें पूरे भवन का हाउस टैक्स जमा करने का नोटिस भेजा गया है। इसको लेकर उन्होंने निगम में शिकायत भी दर्ज कर दी है।
---------

पहली छमाही में हुई 22 करोड़ की वसूली
नगर निगम ने जीआईएस सर्वे के बाद की पहली छमाही में 22 करोड़ आठ लाख रुपये का टैक्स वसूला है। वहीं पिछले वर्ष पहली छमाही में निगम ने 19 करोड़ 73 लाख रुपये की वसूली की थी। निगम के अधिकारियों का दावा है कि नए निर्माण और नई संपत्तियों की वजह से टैक्स में बढ़ोतरी हुई है। अधिकारियों के अनुसार इस बार 8790 नए भवन और 50 हजार ऐसे भवनों से टैक्स वसूला गया है, जिन्होंने पहले कभी टैक्स नहीं जमा किया था।

वर्जन
सभी आपत्तियों की स्थलीय जांच की जाएगी। इन आपत्तियों के निस्तारण के लिए निगम की ओर से कैंप भी लगाए जाएंगे। इससे पहले भी कैंप लगाकर आपत्तियों का निस्तारण किया गया था, जो भी नई आपत्तियां हैं उनको भी जल्द निस्तारित किया जाएगा। - दिव्यांशु पटेल, नगर आयुक्त
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed