{"_id":"6a345bf7258cf36a0c0fd40d","slug":"exporters-demand-installation-of-modern-machinery-moradabad-news-c-15-1-mbd1055-928654-2026-06-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Moradabad News: निर्यातकों ने आधुनिक मशीनरी लगाने की उठाई मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Moradabad News: निर्यातकों ने आधुनिक मशीनरी लगाने की उठाई मांग
विज्ञापन
मुरादाबाद। अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ती प्रतिस्पर्धा और तेजी से बदलती तकनीक के बीच जिले के निर्यातकों ने उद्योगों के आधुनिकीकरण करने की मांग तेज कर दी है। उनका कहना है कि नई मशीनरी और ऑटोमेशन अपनाए बिना उत्पादन बढ़ाना, गुणवत्ता सुधारना और वैश्विक बाजार में टिके रहना अब मुश्किल होता जा रहा है। उनका कहना है कि विदेशों में खरीदार अब बेहतर गुणवत्ता, कम समय में डिलीवरी और प्रतिस्पर्धी कीमतों की मांग कर रहे हैं। ऐसे में पारंपरिक तकनीक और पुरानी मशीनों के सहारे उद्योग चलाना कठिन होता जा रहा है।
चीन, वियतनाम और अन्य देशों में अत्याधुनिक मशीनों के जरिए बड़े पैमाने पर कम लागत में उत्पादन हो रहा है। इसके मुकाबले पीतलनगरी के निर्यातक हस्तशिल्प उत्पाद बनाने के लिए मैनुअल और पारंपरिक तकनीकों का इस्तेमाल करते हैं, जिससे उत्पादन लागत बढ़ती है और समय भी ज्यादा लगता है। लघु उद्योग भारती के प्रदेश उपाध्यक्ष अजय गुप्ता का कहना है कि सरकार से मांग की है कि उद्योगों में आधुनिक मशीनरी लगाने के लिए जिले में स्किल डेवलेपमेंट सेंटर बनाया जाए और नई टेक्नोलॉजी की मशीनरी लगाई जाए ताकि इनका फायदा निर्यातकों को मिल सके। आईआईए हैंडीक्रॉफ्ट डेवलेपमेंट कमेटी के चेयरमैन सुरेश कुमार गुप्ता का कहना है कि उद्योगों को नई तकनीक से जोड़ना जरूरी है, तभी जिले का निर्यात कारोबार वैश्विक बाजार में अपनी मजबूत पहचान बनाए रख सकेगा।
विज्ञापन
चीन, वियतनाम और अन्य देशों में अत्याधुनिक मशीनों के जरिए बड़े पैमाने पर कम लागत में उत्पादन हो रहा है। इसके मुकाबले पीतलनगरी के निर्यातक हस्तशिल्प उत्पाद बनाने के लिए मैनुअल और पारंपरिक तकनीकों का इस्तेमाल करते हैं, जिससे उत्पादन लागत बढ़ती है और समय भी ज्यादा लगता है। लघु उद्योग भारती के प्रदेश उपाध्यक्ष अजय गुप्ता का कहना है कि सरकार से मांग की है कि उद्योगों में आधुनिक मशीनरी लगाने के लिए जिले में स्किल डेवलेपमेंट सेंटर बनाया जाए और नई टेक्नोलॉजी की मशीनरी लगाई जाए ताकि इनका फायदा निर्यातकों को मिल सके। आईआईए हैंडीक्रॉफ्ट डेवलेपमेंट कमेटी के चेयरमैन सुरेश कुमार गुप्ता का कहना है कि उद्योगों को नई तकनीक से जोड़ना जरूरी है, तभी जिले का निर्यात कारोबार वैश्विक बाजार में अपनी मजबूत पहचान बनाए रख सकेगा।
विज्ञापन