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230 घंटे 30 मिनट जंग लड़कर कोरोना से मात खा गया मुरादाबाद का कोरोना योद्धा
Wed, 22 Apr 2020 07:04 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, मुरादाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, मुरादाबाद
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Wed, 22 Apr 2020 07:04 AM IST
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टीएमयू, मुरादाबाद
- फोटो : अमर उजाला
230 घंटे तीस मिनट तक कोरोना से जंग लड़ते हुए मुरादाबाद का योद्धा चिकित्सक आखिरकार हार गया। यह उनकी जिजीविषा ही थी कि उपचार के दौरान कई बार डॉ. निजामुद्दीन की हालत में सुधार नजर आया पर इस जंग में कोरोना उन पर भारी पड़ा। उनके सभी साथी चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य विभाग कर्मियों की आंखें सोमवार को नम थीं क्योंकि कोरोना से जूझ रहे देश में डॉ. निजामुद्दीन कर्तव्य पथ पर खुद को बहुत आगे ले गए।
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टीएमयू के कोरोना आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कोरोना पॉजिटिव डॉक्टर निजामुद्दीन ने इलाज के दौरान रविवार रात दम तोड़ दिया। गलशहीद थाना क्षेत्र में अदालतपुरा निवासी 50 वर्षीय डॉक्टर निजामुद्दीन दिसंबर 2012 से स्वास्थ विभाग में राष्ट्रीय बाल विकास कार्यक्रम के काम कर रहे थे। ताजपुर सीएचसी पर उनकी तैनाती थी। इसके अलावा उनकी ड्यूटी कोरोना कंट्रोल रूम में भी लगाई गई थी।
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यह सच्चा कोरोना योद्धा अपने कर्तव्य से विमुख नहीं हुआ और लगातार अपने यहां की रिपोर्ट लेकर आला अधिकारियों को प्रेषित करते रहे। डॉ. निजाम्द्दीन इसके लिए लगातार मुरादाबाद तथा अन्य स्थानों पर भी शिद्दत से जाते रहे। अचानक तबीयत खराब हुई तो उन्हें दस अप्रैल को 12 बजे टीएमयू में भर्ती कराया गया। दरअसल उन्हें लक्षण पर ही भर्ती करा दिया गया था और उनकी रिपोर्ट बाद में आई तो कोरोना की पुष्टि हो गई। तभी से उनकी हालत खराब चल रही थी। उन्हें कई बार वेंटिलेटर पर ले जाया गया। एक दो बार जरूर सुधार लगा पर लेकिन हालत बिगड़ती ही गई और बीती रात ढाई बजे उन्होंने अंतिम सांस ली।
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परिवार के लोगों को किया गया है क्वारंटीन
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर एमसी गर्ग ने बताया कि रिपोर्ट आने के बाद ही तुरंत बाद उनके तीन भाई और एक भतीजे समेत नौ परिजनों को क्वारंटीन कर दिया गया था। इनके सैंपल जांच के लिए भेज दिए गए थे जिसकी रिपोर्ट अभी नहीं आई है। डॉ. निजामुद्दीन की ढाई वर्ष पहले शादी हुई थी। उनकी पत्नी पिछले दो माह से मायके में थीं इसलिए उन्हें क्वारंटीन नहीं किया गया है। ड्यूटी के दौरान डॉ. के संपर्क में आए जिला चिकित्सालय के चार चिकित्सकों की भी कोरोना जांच कराई गई थी जो निगेटिव आई है। डॉ. निजामुद्दीन के संपर्क में आए अन्य 10 स्वास्थ्य कर्मी होम क्वारंटीन में भेज दिए गए हैं।
पीएचसी के 17 कर्मचारियों की सैंपलिंग हुई
ताजपुर सीएचसी पर तैनात 17 स्वास्थ्य कर्मियों के सैंपल कोरोना जांच के लिए भेजे गए हैं। सीएमओ ने बताया कि और भी ऐसे लोगों की तलाश की जा रही है जो डॉक्टर निजामुद्दीन के संपर्क में आए थे। ताकि उन्हें क्वारंटीन करके उनकी जांच कराई जा सके।