Azam Khan: शत्रु संपत्ति कब्जाने में आजम खां पर तय नहीं हो पाए आरोप, तीन फरवरी को होगी अगली सुनवाई
किसानों की जमीन कब्जाने के 27 मामलों में भी गुरुवार को सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान आरोपियों की ओर से डिस्चार्ज प्रार्थना पत्र दाखिल किया गया, जिसकी वजह से इस मामले में आरोप तय नहीं हो सके।
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शत्रु संपत्ति कब्जा कर उसे जौहर यूनिवर्सिटी में शामिल करने के मामले में सपा नेता आजम खां पर गुरुवार को आरोप तय नहीं हो सके। 11 आरोपियों द्वारा इस मामले में डिस्चार्ज प्रार्थना पत्र दाखिल किया गया है। कोर्ट में अब इस मामले की सुनवाई तीन फरवरी को होगी।
जौहर विवि के लिए किसानों की जमीन कब्जाने में सुनवाई आठ को
किसानों की जमीन कब्जाने के 27 मामलों में भी गुरुवार को सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान आरोपियों की ओर से डिस्चार्ज प्रार्थना पत्र दाखिल किया गया, जिसकी वजह से इस मामले में आरोप तय नहीं हो सके। अब इस मामले की सुनवाई आठ फरवरी को होगी। अजीमनगर थाने में वर्ष 2019 में आलियागंज के किसानों ने मुकदमा दर्ज कराया था। इस मुकदमें में सपा नेता आजम खां, उनकी पत्नी डॉ. तजीन फात्मा, अब्दुल्ला आजम समेत अन्य आरोपी हैं।
आरोप है कि जौहर विश्वविद्यालय के लिए जमीनों के बैनामे बिना रुपये दिए जबरन कराए गए। साथ ही किसानों के साथ मारपीट की गई। यह मामला कोर्ट में विचाराधीन है। गुरुवार को सुनवाई के दौरान कुछ आरोपियों की ओर से कोर्ट में डिस्चार्ज प्रार्थना पत्र दाखिल किया गया, जिस पर अभियोजन की ओर से विरोध किया गया। वरिष्ठ अभियोजन अधिकारी अमरनाथ तिवारी के मुताबिक इस मामले की सुनवाई आठ फरवरी को होगी।