{"_id":"6a95b932c7a6ddc5d0050fff","slug":"farmers-protest-on-chandigarh-mohali-border-2026-08-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"चंडीगढ़-मोहाली बॉर्डर पर किसानों का आज से पक्का मोर्चा: जाम करेंगे रोड, ये हैं मुद्दे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चंडीगढ़-मोहाली बॉर्डर पर किसानों का आज से पक्का मोर्चा: जाम करेंगे रोड, ये हैं मुद्दे
Tue, 01 Sep 2026 03:34 AM IST
शाहिल शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Tue, 01 Sep 2026 03:34 AM IST
सार
किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल ने बताया कि चंडीगढ़ बॉर्डर पर एसकेएम का यह पहला बड़ा प्रदर्शन है। इस दिन-रात के मोर्चे के दौरान किसानों की मांगों पर प्रतिदिन चर्चा होगी।
विज्ञापन
किसानों का धरना
- फोटो : फाइल फोटो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) पानी और किसानों के कर्जा माफी जैसे मुद्दों को लेकर मंगलवार यानी 1 सितंबर से चंडीगढ़-मोहाली बॉर्डर पर पक्का मोर्चा लगाने जा रहा है जो 7 सितंबर तक जारी रहेगा। इस दौरान किसान सेक्टर 48-49 की एयरपोर्ट को जोड़ने वाली रोड को एक तरफ से जाम करेंगे।
किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल ने बताया कि चंडीगढ़ बॉर्डर पर एसकेएम का यह पहला बड़ा प्रदर्शन है। इस दिन-रात के मोर्चे के दौरान किसानों की मांगों पर प्रतिदिन चर्चा होगी। उन्होंने कहा कि वह मंगलवार को सुबह चंडीगढ़ पहुंच जाएंगे, जिसके बाद ही बॉर्डर पर यह मोर्चा शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि मुख्य मांगों में पानी से संबंधित पुराने समझौते रद्द करना शामिल है।
इसके अलावा, गन्ने के किसानों को उचित और समय पर भुगतान की वह मांग कर रहे हैं। धरने में अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक समझौतों जैसे अहम मुद्दों पर भी आवाज उठाई जाएगी। नेताओं ने कहा कि वे सरकार के बातचीत के आमंत्रण पर पूरी तरह तैयार हैं। यूनियन ने मोर्चे की पूरी तैयारी कर ली है जिसके लिए किसानों ने अपने स्तर पर पुख्ता प्रबंध किए हैं। प्रदर्शनकारी अपने साथ लंगर का सारा जरूरी सामान लेकर जाएंगे। धरने वाले स्थान पर ही लंगर तैयार किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल ने बताया कि चंडीगढ़ बॉर्डर पर एसकेएम का यह पहला बड़ा प्रदर्शन है। इस दिन-रात के मोर्चे के दौरान किसानों की मांगों पर प्रतिदिन चर्चा होगी। उन्होंने कहा कि वह मंगलवार को सुबह चंडीगढ़ पहुंच जाएंगे, जिसके बाद ही बॉर्डर पर यह मोर्चा शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि मुख्य मांगों में पानी से संबंधित पुराने समझौते रद्द करना शामिल है।
विज्ञापन
इसके अलावा, गन्ने के किसानों को उचित और समय पर भुगतान की वह मांग कर रहे हैं। धरने में अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक समझौतों जैसे अहम मुद्दों पर भी आवाज उठाई जाएगी। नेताओं ने कहा कि वे सरकार के बातचीत के आमंत्रण पर पूरी तरह तैयार हैं। यूनियन ने मोर्चे की पूरी तैयारी कर ली है जिसके लिए किसानों ने अपने स्तर पर पुख्ता प्रबंध किए हैं। प्रदर्शनकारी अपने साथ लंगर का सारा जरूरी सामान लेकर जाएंगे। धरने वाले स्थान पर ही लंगर तैयार किया जाएगा।
विज्ञापन