आजम खान की पत्नी ने डीएम को लिखा पत्र, बोलीं- 'उर्दू गेट' निर्माण के लिए मैं 25 लाख देने को तैयार
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सपा नेता आजम खान की पत्नी एवं राज्यसभा सांसद तंजीन फात्मा ने जिलाधिकारी रामपुर को पत्र लिखकर तंज कसा है। उन्होंने अपने पत्र में उर्दू गेट को ध्वस्त किए जाने पर नाराजगी जताई है। इस पर से उन्होंने पत्र में जो लिखा है वह वाकयी हैरान कर देने वाला है।
आजम खान की पत्नी तंजीन फात्मा ने लिखा, 'डीएम साहब स्वतंत्रता सेनानी शहीद सरदार भगत सिंह के नाम से एक गेट का निर्माण करा दें। इसके लिए मैं 25 लाख की धनराशि भी देने को तैयार हूं। अगर यह धनराशि भी कम पड़े तो मुझसे आकर और ले जाएं।'
साथ ही उन्होंने लिखा गेट की ऊंचाई और चौड़ाई अपनी मर्जी के अनुसार रख लें। जिससे आपकी इच्छानुसार शहर रामपुर के अंदर अवैध खनन व ओवरलोड वाहन बेरोकटोक आ जा सके। आपकी मंशा के अनुसार गेट बनाने में यदि यह धनराशि कम पड़ जाए तो मुझसे और धनराशि ले ली जाए। इस गेट के निर्माण हेतु आप अपनी निष्ठावान कार्यदायी संस्था का चयन भी अपनी मर्जी से कर लें।
बता दें स्वार रोड पर बने उर्दू गेट को ध्वस्त कर दिया गया है। सपा शासनकाल में बनाए गए इस गेट की ऊंचाई कम थी, इससे बड़े वाहनों का आवागमन बंद था। प्रदेश में भाजपा के सत्ता में आते ही इस गेट को तोड़े जाने की मांग उठ रही थी। इसकी शिकायत मिलने पर जिलाधिकारी ने एडीएम (प्रशासन) की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय कमेटी गठित की थी। कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर बुधवार की सुबह उर्दू गेट को ध्वस्त कर दिया गया।
सपा सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे आजम खां ने स्वार रोड पर कम ऊंचाई का गेट बनवाया था। इसका मकसद स्वार रोड पर बड़े वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाना था। सीएंडडीएस (कंस्ट्रक्शन एंड डिजाइन) की यूनिट 30 ने इसका निर्माण कराया गया था।
करीब 40 लाख रुपये की लागत से यह गेट बनकर तैयार हुआ जो देखने में बेहद खूबसूरत था लेकिन, लोक निर्माण विभाग के अफसरों की माने तो सीएंडडीएस ने यह गेट पूरी तरह से नियम विरुद्ध बनाया था। इसको लेकर लोक निर्माण विभाग से एनओसी तक नहीं ली गई थी। नगर पालिका ने इसका नक्शा पास किया था लेकिन, रामपुर विकास प्राधिकरण से कोई अनुमति नहीं ली गई। हालांकि, तब आजम खां के मंत्री होने की वजह से कोई इसका विरोध नहीं कर सका।