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तेज धूप से राहत, पर उमस बरकरार
Updated Fri, 29 Jun 2018 02:20 AM IST
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मुरादाबाद।
15 दिन से ज्यादा इंतजार करने के बाद गुरुवार तड़के हुई बारिश के बावजूद चिपचिपाती गर्मी ने परेशान किया। दिनभर बादलों की लुकाछिपी होने से तेज धूप से कुछ राहत मिली, लेकिन वातावरण में नमी बढ़ने से उमस से बेचैनी हुई। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अब 30 जून से बारिश की संभावना बन रही है।
शहर में आखिरी बारिश दस जून को हुई थी। इसके बाद लोगों ने प्री-मानसून बारिश का बेसब्री से इंतजार किया। मौसम वैज्ञानिकों ने भी 15-16 जून में बारिश की संभावना जताई थी, लेकिन आसमान में सिर्फ बादल ही छाकर रह गए थे। बुधवार रात तेज हवा से बारिश के आसार बनने लगे थे। गुरुवार सुबह तड़के बूंदाबांदी शुरू हुई। लगभग दो घंटे रही बारिश सिर्फ 4.4 एमएम ही दर्ज की गई। राजकीय इंटर कालेज में मौसम विज्ञान केंद्र के प्रभारी निसार अहमद अंसारी ने बताया कि बादलों को देखकर उम्मीद दस एमएम बारिश की हो रही थी। दिन में 20 किलोमीटर प्रति घंटा पूर्वी हवा चलने की वजह से नमी बढ़ गई। इससे लोगों को घरों के अंदर भी चिपचिपाती गर्मी ने परेशान किया। सुबह की आर्र्दता 78 फीसदी और शाम की 63 फीसदी दर्ज की गई। वहीं अधिकतम तापमान .2 डिग्री सेल्सियस की गिरावट के साथ 36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट के साथ 25.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
लखनऊ मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक जेपी गुप्ता के अनुसार प्रदेश में मानसून सक्रिय हो रहा है। इससे 30 जून और एक जुलाई को तेज बारिश की संभावना बन रही है।
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15 दिन से ज्यादा इंतजार करने के बाद गुरुवार तड़के हुई बारिश के बावजूद चिपचिपाती गर्मी ने परेशान किया। दिनभर बादलों की लुकाछिपी होने से तेज धूप से कुछ राहत मिली, लेकिन वातावरण में नमी बढ़ने से उमस से बेचैनी हुई। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अब 30 जून से बारिश की संभावना बन रही है।
शहर में आखिरी बारिश दस जून को हुई थी। इसके बाद लोगों ने प्री-मानसून बारिश का बेसब्री से इंतजार किया। मौसम वैज्ञानिकों ने भी 15-16 जून में बारिश की संभावना जताई थी, लेकिन आसमान में सिर्फ बादल ही छाकर रह गए थे। बुधवार रात तेज हवा से बारिश के आसार बनने लगे थे। गुरुवार सुबह तड़के बूंदाबांदी शुरू हुई। लगभग दो घंटे रही बारिश सिर्फ 4.4 एमएम ही दर्ज की गई। राजकीय इंटर कालेज में मौसम विज्ञान केंद्र के प्रभारी निसार अहमद अंसारी ने बताया कि बादलों को देखकर उम्मीद दस एमएम बारिश की हो रही थी। दिन में 20 किलोमीटर प्रति घंटा पूर्वी हवा चलने की वजह से नमी बढ़ गई। इससे लोगों को घरों के अंदर भी चिपचिपाती गर्मी ने परेशान किया। सुबह की आर्र्दता 78 फीसदी और शाम की 63 फीसदी दर्ज की गई। वहीं अधिकतम तापमान .2 डिग्री सेल्सियस की गिरावट के साथ 36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट के साथ 25.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
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लखनऊ मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक जेपी गुप्ता के अनुसार प्रदेश में मानसून सक्रिय हो रहा है। इससे 30 जून और एक जुलाई को तेज बारिश की संभावना बन रही है।
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