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अतीत की यादें साझा, भावुक हुई मैथोडिस्ट की छात्राएं
Updated Sat, 03 Nov 2018 02:48 AM IST
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मुरादाबाद।
मैथोडिस्ट गर्ल्स इंटर कालेज की 150वीं जयंती पर समारोह आयोजित हुआ। विद्यालय प्रबंधन ने कालेज से पासआउट छात्राओं को आमंत्रित किया था। पासआउट छात्राओं ने स्कूल में पढ़ने वाली छात्राओं के साथ अतीत की सुनहरी यादों को साझा किया।
विद्यालय प्रबंधक रेव्ह डेविड जेम्स ने प्रार्थना कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। छात्राओं ने वंदना गीत सुनाए। प्रबंधक ने विद्यालय के इतिहास से रूबरू कराया। उन्होंने कहा कि विद्यालय से पढ़ी कई छात्राओं ने सफलता की बुलंदी छुई हैं। प्रधानाचार्य सुनीता डी सिंह ने कहा कि 1868 में विद्यालय की स्थापना की। विद्यालय की शुरुआत दो लड़कियों से हुई। उस समय लड़कियों के शिक्षा के प्रति जागरूकता नहीं थी। एडना ब्रैडली ने स्कूल को चलाने के लिए अपना जीवन इसमें लगा दिया। कालेज से पासआउट एसबी चंद्र, निर्मला सिंह, दीप्ति यादव, तनु कश्यप, हिना दीक्षित, हिमांशी और स्वाति अतीत ने यादों को साझा किया। इससे स्कूल में पढ़ने वाले छात्राओं एवं भावुक हो उठी। छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए। जूडो में नेशनल स्तर पर गोल्ड जीतने वाली छात्रा शिवानी कुमारी को प्रोत्साहित किया गया।
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मैथोडिस्ट गर्ल्स इंटर कालेज की 150वीं जयंती पर समारोह आयोजित हुआ। विद्यालय प्रबंधन ने कालेज से पासआउट छात्राओं को आमंत्रित किया था। पासआउट छात्राओं ने स्कूल में पढ़ने वाली छात्राओं के साथ अतीत की सुनहरी यादों को साझा किया।
विद्यालय प्रबंधक रेव्ह डेविड जेम्स ने प्रार्थना कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। छात्राओं ने वंदना गीत सुनाए। प्रबंधक ने विद्यालय के इतिहास से रूबरू कराया। उन्होंने कहा कि विद्यालय से पढ़ी कई छात्राओं ने सफलता की बुलंदी छुई हैं। प्रधानाचार्य सुनीता डी सिंह ने कहा कि 1868 में विद्यालय की स्थापना की। विद्यालय की शुरुआत दो लड़कियों से हुई। उस समय लड़कियों के शिक्षा के प्रति जागरूकता नहीं थी। एडना ब्रैडली ने स्कूल को चलाने के लिए अपना जीवन इसमें लगा दिया। कालेज से पासआउट एसबी चंद्र, निर्मला सिंह, दीप्ति यादव, तनु कश्यप, हिना दीक्षित, हिमांशी और स्वाति अतीत ने यादों को साझा किया। इससे स्कूल में पढ़ने वाले छात्राओं एवं भावुक हो उठी। छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए। जूडो में नेशनल स्तर पर गोल्ड जीतने वाली छात्रा शिवानी कुमारी को प्रोत्साहित किया गया।
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