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स्वच्छता सर्वेक्षण में पिछड़ने पर मेयर नाराज
Updated Wed, 15 Aug 2018 03:08 AM IST
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मुरादाबाद।
महानगर के स्वच्छता सर्वेक्षण पिछड़ने से नगर निगम में हड़कंप मचा हुआ है। अधिकारी इसकी जिम्मेदारी एक-दूसरे पर डाल रहे हैं। नाराज मेयर ने मंगलवार को अधिकारियों की आपात बैठक बुलाकर सफाई व्यवस्था पर क्लास लगाई। मेयर ने अधिकारियों को महानगर की सफाई व्यवस्था मेें बदलाव करने के आदेश दिए हैं। इसके लिए एक सप्ताह का समय दिया गया है।
पिछले महीने अपने दौरे में मुख्यमंत्री ने महानगर की सफाई व्यवस्था पर नाराजगी जताई थी। उन्होंने कहा था कि शहर में बहुत गंदगी है। उससे पहले स्वच्छता सर्वेक्षण में महानगर पिछड़ गया था। इन दोनों घटनाओं के बाद नगर निगम के अफसरों ने सफाई व्यवस्था में सुधार को अभियान चलवाया था। उसके बावजूद महानगर को सर्वेक्षण में मुंह की खानी पड़ी है। महानगर की सफाई को अपनाई गई नगर निगम की रणनीति अभी तक कारगर नहीं हुई हैं।
स्वच्छता सर्वेक्षण में पिछड़ने से नाराज मेयर विनोद अग्रवाल ने मंगलवार दोपहर निगम के सफाई से संबंधित अधिकारियों की बैठक बुलाई। उन्होंने अफसरों से कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि आपके काम से हम संतुष्ट नहीं है। इसके लिए स्पष्टीकरण नोटिस जारी किया जा रहा है। नगर आयुक्त भी सफाई व्यवस्था से संतुष्ट नहीं हैं। अब महानगर में डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन कराया जाएगा। इसके लिए सूबे के कई शहरों में काम कर चुकी एजेंसी को बुलाया गया है। बैठक में उप नगर आयुक्त आशीष शुक्ला, प्रभारी नगर स्वास्थ्य अधिकारी मनोज गुप्ता, गोदाम प्रभारी सतीश कुमार और राहुल शर्मा आदि मौजूद रहे।
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महानगर के स्वच्छता सर्वेक्षण पिछड़ने से नगर निगम में हड़कंप मचा हुआ है। अधिकारी इसकी जिम्मेदारी एक-दूसरे पर डाल रहे हैं। नाराज मेयर ने मंगलवार को अधिकारियों की आपात बैठक बुलाकर सफाई व्यवस्था पर क्लास लगाई। मेयर ने अधिकारियों को महानगर की सफाई व्यवस्था मेें बदलाव करने के आदेश दिए हैं। इसके लिए एक सप्ताह का समय दिया गया है।
पिछले महीने अपने दौरे में मुख्यमंत्री ने महानगर की सफाई व्यवस्था पर नाराजगी जताई थी। उन्होंने कहा था कि शहर में बहुत गंदगी है। उससे पहले स्वच्छता सर्वेक्षण में महानगर पिछड़ गया था। इन दोनों घटनाओं के बाद नगर निगम के अफसरों ने सफाई व्यवस्था में सुधार को अभियान चलवाया था। उसके बावजूद महानगर को सर्वेक्षण में मुंह की खानी पड़ी है। महानगर की सफाई को अपनाई गई नगर निगम की रणनीति अभी तक कारगर नहीं हुई हैं।
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स्वच्छता सर्वेक्षण में पिछड़ने से नाराज मेयर विनोद अग्रवाल ने मंगलवार दोपहर निगम के सफाई से संबंधित अधिकारियों की बैठक बुलाई। उन्होंने अफसरों से कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि आपके काम से हम संतुष्ट नहीं है। इसके लिए स्पष्टीकरण नोटिस जारी किया जा रहा है। नगर आयुक्त भी सफाई व्यवस्था से संतुष्ट नहीं हैं। अब महानगर में डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन कराया जाएगा। इसके लिए सूबे के कई शहरों में काम कर चुकी एजेंसी को बुलाया गया है। बैठक में उप नगर आयुक्त आशीष शुक्ला, प्रभारी नगर स्वास्थ्य अधिकारी मनोज गुप्ता, गोदाम प्रभारी सतीश कुमार और राहुल शर्मा आदि मौजूद रहे।
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