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हाई एक्सपोर्ट के लिए फेयर का रुख
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मुरादाबाद।
भारतीय हस्तशिल्प एवं उपहार (आईएचजीएफ) दिल्ली स्प्रिंग मेला 18 फरवरी से शुरू होने जा रहा है। ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो मार्ट में शुरू होने जा रहा आईएचजीएफ फेयर दुनिया का सबसे बड़ा हस्तशिल्प मेला माना जाता है। मेले में देश भर के करीब 3200 हस्तशिल्प निर्यातक अपने उत्पादों का प्रदर्शन करेंगे। इसमें मुरादाबाद के निर्यातकों की संख्या करीब 2000 होेगी। फ्रैंकफुर्ट में एम्बिएंते फेयर से लौटे निर्यातक दिल्ली फेयर की तैयारियों में जुट गए हैं।
ईपीसीएच की मीडिया कोर्डिनेटर सुनीता आनंद ने बताया कि मेले के लिए हॉल का निर्माण कार्य गुरुवार से शुरू हो जाएगा। मेले में कुल 15 हॉल बनाए जाएंगे। ईपीसीएच ने 3200 प्रदर्शकों को स्टॉल्स आवंटित किए हैं। उन्होंने बताया कि मेले में दुनियाभर के 100 से अधिक देशों के तीन हजार से भी अधिक विदेशी थोक खरीददारों के पहुंचने का अनुमान है। नोर्थ ईस्ट और जम्मू - कश्मीर के हस्तशिल्प उत्पादों को खास तौर पर मेले में प्रदर्शित किया जाएगा। उन्हाेंने बताया कि युवा डिजाइनर्स को भी मेले में खास तौर पर अपनी प्रतिभा के प्रदर्शन का अवसर दिया जाएगा। हस्तशिल्प मेले के लिए ईपीसीएच रिसेप्शन कमेटी का गठन कर चुका है।
निर्यातकों में को दिल्ली स्प्रिंग फेयर से हर साल अच्छे कारोबारी आदेश मिलते रहे हैं। जर्मनी में आठ से 12 फरवरी तक चले फ्रैंकफुर्ट एम्बिएंते फेयर में इस बार भारत साझीदार देश था। एम्बिएंते में इस बार मुरादाबाद के निर्यातकों को अच्छा कारोबार मिला है। निर्यातकों को उम्मीद है कि एम्बिएंते के बाद स्प्रिंग फेयर भी उन्हें अच्छा कारोबार देकर जाएगा। निर्यात फैक्ट्रियों में उत्पादों को अंतिम रूप देने का कार्य चल रहा है। निर्यातक 16 फरवरी से यहां अपने स्टॉल्स सजाने लगेंगे।
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भारतीय हस्तशिल्प एवं उपहार (आईएचजीएफ) दिल्ली स्प्रिंग मेला 18 फरवरी से शुरू होने जा रहा है। ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो मार्ट में शुरू होने जा रहा आईएचजीएफ फेयर दुनिया का सबसे बड़ा हस्तशिल्प मेला माना जाता है। मेले में देश भर के करीब 3200 हस्तशिल्प निर्यातक अपने उत्पादों का प्रदर्शन करेंगे। इसमें मुरादाबाद के निर्यातकों की संख्या करीब 2000 होेगी। फ्रैंकफुर्ट में एम्बिएंते फेयर से लौटे निर्यातक दिल्ली फेयर की तैयारियों में जुट गए हैं।
ईपीसीएच की मीडिया कोर्डिनेटर सुनीता आनंद ने बताया कि मेले के लिए हॉल का निर्माण कार्य गुरुवार से शुरू हो जाएगा। मेले में कुल 15 हॉल बनाए जाएंगे। ईपीसीएच ने 3200 प्रदर्शकों को स्टॉल्स आवंटित किए हैं। उन्होंने बताया कि मेले में दुनियाभर के 100 से अधिक देशों के तीन हजार से भी अधिक विदेशी थोक खरीददारों के पहुंचने का अनुमान है। नोर्थ ईस्ट और जम्मू - कश्मीर के हस्तशिल्प उत्पादों को खास तौर पर मेले में प्रदर्शित किया जाएगा। उन्हाेंने बताया कि युवा डिजाइनर्स को भी मेले में खास तौर पर अपनी प्रतिभा के प्रदर्शन का अवसर दिया जाएगा। हस्तशिल्प मेले के लिए ईपीसीएच रिसेप्शन कमेटी का गठन कर चुका है।
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निर्यातकों में को दिल्ली स्प्रिंग फेयर से हर साल अच्छे कारोबारी आदेश मिलते रहे हैं। जर्मनी में आठ से 12 फरवरी तक चले फ्रैंकफुर्ट एम्बिएंते फेयर में इस बार भारत साझीदार देश था। एम्बिएंते में इस बार मुरादाबाद के निर्यातकों को अच्छा कारोबार मिला है। निर्यातकों को उम्मीद है कि एम्बिएंते के बाद स्प्रिंग फेयर भी उन्हें अच्छा कारोबार देकर जाएगा। निर्यात फैक्ट्रियों में उत्पादों को अंतिम रूप देने का कार्य चल रहा है। निर्यातक 16 फरवरी से यहां अपने स्टॉल्स सजाने लगेंगे।
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