मुरादाबाद। उत्तर प्रदेश सरकार ने हाल ही में कई रेलफाटकों के स्थान पर ओवरब्रिज या अंडरपास बनाने की घोषणा की है। इसके तहत मुरादाबाद रेल मंडल में 14 फाटक आते हैं। जबकि इनके अलावा 13 फाटकों को नजदीकी मुख्य फाटकों से जोड़ने पर कार्य किया जाएगा। इन्हें 2024 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। रेलवे का मानना है कि इससे दुर्घटनाओं में कमी आएगी और समय की बचत होगी।
इसके अलावा नई रेल लाइन बिछाने, पुरानी लाइन के नवीनीकरण, दोहरीकरण, सिग्नल व्यवस्था को आधुनिक बनाने और समपार फाटकों पर सुरक्षा के लिए अच्छी खासी रकम रेलवे खर्च करेगा। उत्तर रेलवे के जीएम आशुतोष गंगल के मुताबिक देवबंद से रुड़की के बीच 27.45 किमी नई रेल लाइन के लिए जमीन अधिग्रहण हो चुका है। साथ ही ऋषिकेश-कर्ण प्रयाग (125.09 किमी) नई रेल लाइन का काम तेजी से चल रहा है। इसे भी 2024 तक पूरा करने का लक्ष्य है। उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी दीपक कुमार का कहना है कि रेलवे सुरक्षा और सरंक्षा पर विशेष कार्य कर रहा है। नतीजतन पिछले तीन वर्षों में दुर्घटनाओं के आंकड़ों में कमी आई है। इसे शून्य करने के उद्देश्य से ही फाटकों को बंद कर ओवरब्रिज बनाए जा रहे हैं। जहां आबादी के पास से रेल लाइन गुजरती है, फुटओवर ब्रिज बनाने और बाउंड्रीवॉल बनाने का कार्य किया जा रहा है।