Azam Khan: आजम खां को कोर्ट से राहत, 12 मुकदमों की एक साथ होगी सुनवाई, यतीमखाना प्रकरण से जुड़े हैं मामले
सपा नेता आजम खां इस वक्त सीतापुर जेल में सजा काट रहे हैं। 2019 में उनके खिलाफ तमाम मुकदमे दर्ज हुए थे, जिसमें शहर कोतवाली क्षेत्र की यतीमखाना बस्ती के भी मामले दर्ज हुए थे।
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सपा नेता आजम खां को राहत मिली है। उनके खिलाफ शहर कोतवाली में दर्ज यतीमखाना बस्ती को खाली कराने के नाम पर लूटपाट और मारपीट के 12 मुकदमों की सुनवाई अब एक साथ होगी। कोर्ट ने उनके प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के बाद यह आदेश जारी किया है।
सपा नेता आजम खां इस वक्त सीतापुर जेल में सजा काट रहे हैं। 2019 में उनके खिलाफ तमाम मुकदमे दर्ज हुए थे, जिसमें शहर कोतवाली क्षेत्र की यतीमखाना बस्ती के भी मामले दर्ज हुए थे। यहां के 12 लोगों ने अलग-अलग मुकदमे दर्ज कराए थे। इन सभी मामलों में सपा नेता आजम खां को भी आरोपी बनाया गया था। उन पर बस्ती को खाली कराने के नाम पर लूटपाट, मारपीट के साथ ही भैंस व बकरी चोरी के आरोप लगाए गए थे। यह सभी मामले में इस वक्त एमपी-एमएलए सेशन कोर्ट में विचाराधीन हैं।
सपा नेता आजम खां के अधिवक्ता जुबैर अहमद खां और नासिर सुल्तान की ओर से एक प्रार्थना पत्र कोर्ट में दिया गया था, जिसमें कहा कि घटना से संबंधित सभी मुकदमों की फाइल एक ही तरीके की हैं, जिसका एक ही मुकदमा चलना चाहिए। सभी फाइलों का एक मुकदमा चलाया जाना चाहिए। अभियोजन ने इसका विरोध किया। दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद कोर्ट ने इस मामले की सुनवाई करते हुए सभी 12 मामलों की सुनवाई एक साथ करने के आदेश जारी किए हैं।
नफरती भाषण में दरोगा ने दर्ज कराए बयान
सपा नेता आजम खां के नफरती भाषण के एक मामले में अभियोजन की ओर से दरोगा ने अपने बयान दर्ज कराए। सपा नेता के अधिवक्ता ने उनसे जिरह की। उनकी गवाही पूरी हो गई है। अब इस मामले में 28 अगस्त को होगी। यह मामला भोट थाने में वर्ष 2019 में वीडियो अवलोकन टीम के प्रभारी ने दर्ज कराया था। इस मुकदमे में संवैधानिक पदों पर बैठे अधिकारियों पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। फिलहाल यह मामला कोर्ट में विचाराधीन है। वरिष्ठ अभियोजन अधिकारी अमरनाथ तिवारी ने बताया कि इस मामले की सुनवाई 28 अगस्त को होगी।
पैन कार्ड मामले में इंसपेक्टर से पूरी नहीं हुई जिरह
सपा के पूर्व विधायक अब्दुल्ला आजम के दो पैनकार्ड मामले में बृहस्पतिवार को सुनवाई हुई। इस मामले में गवाह इंस्पेक्टर ऋषिपाल सिंह की ओर से गवाही दी गई। उनसे बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं ने जिरह की। जिरह अभी पूरी नहीं हो सकी है। यह मामला 2019 में शहर विधायक आकाश सक्सेना ने सिविल लाइंस थाने में दर्ज कराया था। इस मामले में अब्दुल्ला आजम पर दो पैन कार्ड रखने का आरोप लगा था। यह मामला एमपीएमएलए कोर्ट में विचाराधीन है। इस मामले की सुनवाई 14 अगस्त को होगी।