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ट्यूबवेल का बोर ध्वस्त, पानी का संकट
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सिटी विकास खंड के राजापुर में ट्यूबवेल का बोर तीन माह से ध्वस्त होने से ग्रामीणों को गर्मी में पेयजल संकट से जूझना पड़ रहा है। गांव में हैंडपंप तो हैं लेकिन पानी का जलस्तर नीचे चले जाने के कारण कई हैंडपंप ठप पड़े हैं।
ग्राम प्रधान द्वारा कुछ हैंडपंपों में पाइप आदि डालकर पानी समस्या से निजात दिलाने की कोशिश तो की जा रही है लेकिन बावजूद इसके समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। राजापुर में पेयजल संकट को देखते हुए 2016 में ट्यूबवेल का बोर कराया गया था। लेकिन अभी तक पानी टंकी का निर्माण नहीं कराया गया। ग्रामीणों की मानें तो बिना टंकी निर्माण के लिए पानी का कनेक्शन कर दिया गया। जिससे बोर ध्वस्त हो गया। ग्राम प्रधान विनोद कुमार सिंह का कहना है कि तीन माह से ध्वस्त बोर के चलते गांव में पानी के लाले पड़े हैं। जल निगम से संपर्क करने पर बजट न होने की बात करते हैं। ग्राम प्रधान का कहना है कि समस्या से ब्लाक मुख्यालय पर बैठे अधिकारियों के अलावा मुख्य विकास अधिकारी के यहां भी शिकायत दर्ज कराई गयी है बावजूद इसके कोई सुनवाई नहीं हो रही है। यदि समय रहते ग्रामीणों की समस्या पर ध्यान न दिया गया तो फिर ग्रामीण पानी समस्या को लेकर धरना-प्रदर्शन को मजबूर होंगे।
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ग्राम प्रधान द्वारा कुछ हैंडपंपों में पाइप आदि डालकर पानी समस्या से निजात दिलाने की कोशिश तो की जा रही है लेकिन बावजूद इसके समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। राजापुर में पेयजल संकट को देखते हुए 2016 में ट्यूबवेल का बोर कराया गया था। लेकिन अभी तक पानी टंकी का निर्माण नहीं कराया गया। ग्रामीणों की मानें तो बिना टंकी निर्माण के लिए पानी का कनेक्शन कर दिया गया। जिससे बोर ध्वस्त हो गया। ग्राम प्रधान विनोद कुमार सिंह का कहना है कि तीन माह से ध्वस्त बोर के चलते गांव में पानी के लाले पड़े हैं। जल निगम से संपर्क करने पर बजट न होने की बात करते हैं। ग्राम प्रधान का कहना है कि समस्या से ब्लाक मुख्यालय पर बैठे अधिकारियों के अलावा मुख्य विकास अधिकारी के यहां भी शिकायत दर्ज कराई गयी है बावजूद इसके कोई सुनवाई नहीं हो रही है। यदि समय रहते ग्रामीणों की समस्या पर ध्यान न दिया गया तो फिर ग्रामीण पानी समस्या को लेकर धरना-प्रदर्शन को मजबूर होंगे।
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