फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mirzapur News ›   Devotion guides life onto the righteous path by dispelling anger, attachment, and greed: Pawan Maharaj.

क्रोध, मोह और लोभ को दूर कर भक्ति जीवन को सद्मार्ग पर ले जाती है : पवन महाराज

Fri, 04 Sep 2026 01:29 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 04 Sep 2026 01:29 AM IST
विज्ञापन
Devotion guides life onto the righteous path by dispelling anger, attachment, and greed: Pawan Maharaj.
लालगंज के तेंदुई में श्रीमद् भागवत कथा का श्रवण करते श्रोता, संवाद - फोटो : जीआईसी में मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के तहत शुरू हुई कक्षा में पढ़ातीं जिला युवा अ​धिकारी वर्तिका सिंह।
लालगंज। तेंदुई स्थित जानकी कुंज मंदिर परिसर में चल रही श्रीमद्भागवत महापुराण कथा के दूसरे दिन बृहस्पतिवार को दशम स्कंध का प्रसंग सुनाते हुए कथावाचक पवन कुमार महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण के अवतार से पूर्व की कथा सुनाई। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण प्राणियों के जीवनदाता और सभी के हृदय में विराजमान परमात्मा हैं। उनकी लीलाएं संसार के कल्याण का मार्ग दिखाती हैं। कहा कि भक्ति क्रोध, मोह और लोभ को दूर कर जीवन को सन्मार्ग पर ले जाती है।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि श्रद्धा और भाव से भागवत कथा का श्रवण करने से मनुष्य के भीतर भक्ति जाग्रत होती है। भगवान श्रीकृष्ण का नाम दुखों से पार लगाने वाली नाव के समान है। कथा में पृथ्वी पर बढ़ते अत्याचार और अधर्म का प्रसंग सुनाया गया। उन्होंने बताया कि पृथ्वी गाय का रूप धारण कर ब्रह्मा की शरण में पहुंचीं। ब्रह्मा सहित देवताओं ने क्षीरसागर के तट पर भगवान की स्तुति की। भगवान ने पृथ्वी का भार कम करने के लिए श्रीकृष्ण के रूप में प्रकट होने की बात कही और देवताओं को भी अपने अंश के साथ पृथ्वी पर जन्म लेने का निर्देश दिया। इसके बाद वासुदेव और देवकी के विवाह का प्रसंग आया। आकाशवाणी का प्रसंग आया। आकाशवाणी हुई कि देवकी की आठवीं संतान कंस के वध का कारण बनेगी। कंस ने देवकी को मारने के लिए तलवार उठा ली लेकिन वासुदेव ने उसे समझाकर रोक दिया। कथा में बताया गया कि जब भगवान श्रीकृष्ण के अवतार का समय आया तो देवकी के शरीर में दिव्य तेज बढ़ गया। मुख्य यजमान संत बाल योगी संजय महाराज ने कथा का श्रवण किया। अमरनाथ तिवारी जानकी देवी ने आरती की। समिति के अशोक तिवारी व नवीन तिवारी व्यवस्था में लगे रहे।
विज्ञापन

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed