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ईआरपी साफ्टवेयर की जांच हो
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मिर्जापुर। नगर के फतहां स्थित विद्युत विभाग के मुख्य अभियंता कार्यालय पर मंगलवार को विद्युत कर्मियों ने धरना व प्रदर्शन किया। उनका कहना है कि जबतक उनकी मांगे पूरी नहीं हो जाएगी। तबतक धरना प्रदर्शन चलता रहेगा। विद्युत कर्मचारी संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि एई व जेई का उत्पीड़न तत्काल बंद कर ऊर्जा नियमों में बदलाव किया जाए। साथ ही अधिकारियों को बेहतर विद्युत व्यवस्था कायम रखने के लिए सुविधाएं दी जाएं।
इस अवसर पर आयोजित सभा में वक्ताओं ने कहा कि 700 करोड़ रुपये की खरीदी गई ईआरपी साफ्टवेयर की सीबीआई जांच कराई जाए। मैन मैटेरियरल संसाधन के अभाव में विद्युत आपूर्ति को 24 घंटे करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इसलिए कर्मचारियों व अधिकारियों को विभागीय स्टोर के माध्यम से संसाधन जैसे केबल, ट्रांसफार्मर ऑयल, हाइड्रोलिक्स सीढ़ी, प्लास, टेस्टर इत्यादि उपलब्ध कराए जाए। यूपीपीसीएल के ऊर्जा क्रय अनुबंध इकाई की कैग आडिट कराई जाए। उत्तर प्रदेश की सभी ऊर्जा नियमों का एकीकरण कर राज्य विद्युत परिषद का निर्माण कराया जाए। हमारे तपीय परियोजनाओं का कायेले का भुगतान ससमय किया जाए, जिससे उन्हें समय पर कोल इंडिया से कोल मिल सके। इस दौरान सुमित यादव, विपिन पटेल, अभय सिंह, रामसिंह, विनय बिंद, विनोद प्रजापति, पृथ्वी पाल, शंभूनाथ आदि शामिल रहे।
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इस अवसर पर आयोजित सभा में वक्ताओं ने कहा कि 700 करोड़ रुपये की खरीदी गई ईआरपी साफ्टवेयर की सीबीआई जांच कराई जाए। मैन मैटेरियरल संसाधन के अभाव में विद्युत आपूर्ति को 24 घंटे करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इसलिए कर्मचारियों व अधिकारियों को विभागीय स्टोर के माध्यम से संसाधन जैसे केबल, ट्रांसफार्मर ऑयल, हाइड्रोलिक्स सीढ़ी, प्लास, टेस्टर इत्यादि उपलब्ध कराए जाए। यूपीपीसीएल के ऊर्जा क्रय अनुबंध इकाई की कैग आडिट कराई जाए। उत्तर प्रदेश की सभी ऊर्जा नियमों का एकीकरण कर राज्य विद्युत परिषद का निर्माण कराया जाए। हमारे तपीय परियोजनाओं का कायेले का भुगतान ससमय किया जाए, जिससे उन्हें समय पर कोल इंडिया से कोल मिल सके। इस दौरान सुमित यादव, विपिन पटेल, अभय सिंह, रामसिंह, विनय बिंद, विनोद प्रजापति, पृथ्वी पाल, शंभूनाथ आदि शामिल रहे।
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