Chaitra Navratri: विंध्याचल में मां कात्यायनी के स्वरूप का भक्तों ने किए दर्शन-पूजन, रोजाना उमड़ रही भीड़
चैत्र नवरात्र के छठे दिन सोमवार को आस्था धाम विंध्याचल मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। मंगला आरती के बाद मंदिर के कपाट खुलते ही हर कोई मां विंध्यवासिनी के कात्यायनी स्वरूप की एक झलक पाने के लिए बेताब रहा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
चैत्र नवरात्र में मिर्जापुर जिले में स्थित मां विंध्यवासिनी के दरबार आस्था का सैलाब उमड़ा है। नवरात्र के छठे दिन सोमवार को श्रद्धालुओं ने मां विंध्यवासिनी के कात्यायनी स्वरूप का दर्शन-पूजन किए।विंध्याचल की गलियां माता के जयकारे से गुंजायमान हैं। माता का जयकारा लगाते हुए श्रद्धालु मंदिर की तरफ बढ़े चले जा रहे हैं। मंदिर तक पहुंचने वाले मार्गों पर श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी हैं।
नवरात्र की पंचमी तिथि पर रविवार को पांच लाख से ज्यादा भक्तों ने माता के दरबार में मत्था टेका था। अष्टभुजा और कालीखोह मंदिरों पर भी भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी थी। सोमवार को अलसुबह मंगला आरती के बाद मंदिर का कपाट खुलते ही मां विंध्यवासिनी की एक झलक पाने के लिए लोग लालायित दिखे।
प्रशासन की ओर से मुकम्मल व्यवस्था
गंगा स्नान के पश्चात श्रद्धालु हाथों में प्रसाद नारियल व चुनरी लिए मंदिर की ओर पहुंच रहे हैं। भारी भीड़ के बीच किसी ने गर्भगृह तो किसी ने झांकी से ही मां के भव्य स्वरुप का दर्शन किया। दर्शन-पूजन के साथ ही न्यू वीआईपी, पुरानी वीआईपी मार्ग के अलावा पक्काघाट मार्ग से मंदिर की ओर पहुंच रहे श्रद्धालुओं के लिए प्रशासन की ओर से मुकम्मल व्यवस्था की गई है।
ये भी पढ़ें: रास्ते से हटने को कहने पर इंस्पेक्टर ने रोपवे कर्मचारी को लात-घूसों से पीटा, SP ने सिखाया सबक
संकट नाशक हैं माता कात्यायनी