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कम ग्रेड पे मिलने से तहसीलदार नाराज
ब्यूरो, अमर उजाला, मिर्जापुर।
Updated Wed, 20 Jul 2016 12:57 AM IST
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उ.प्र. राजस्व प्रशासनिक संघ के बैनर तले कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन करते अधिकारी । अमर उजाला
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उत्तर प्रदेश राजस्व प्रशासनिक अधिकारी संघ के तत्वावधान में अधिकारियों ने जिलाधिकारी को पत्रक सौंपा। जिसमें नायब तहसीलदार ग्रेड पे 42 सौ से उच्चीकृत कर 48 सौ और तहसीलदारों को द्वितीय एसीपी 66 सौ दिए जाने की मांग की। मंगलवार को आंदोलन के द्वितीय चरण में मंगलवार को पूरे प्रदेश के तहसीलदार और नायब तहसीलदार और सहायक भूलेख अधिकारियों द्वारा एक दिन का सामूहिक पूर्ण बहिष्कार और एक दिवसीय धरना किया गया है।
तहसीलदार चुनार चंद्रप्रकाश प्रियदर्शी ने कहा कि उत्तर प्रदेश राजस्व परिषद और शासन द्वारा हमारी उपेक्षा की जा रही है, शासन के उपेक्षापूर्ण रवैये का शिकार होने के बाद संघ की प्रांतीय कार्यकारिणी ने आंदोलन करने का निर्णय लिया है। पूरे प्रदेश के तहसीलदार और नायब तहसीलदार संघ के आह्वान पर आंदोलित है। तहसीलदार सदर आरपी सिंह ने कहा कि आंदोलन के प्रथम चरण में पंाच से 15 जुलाई तक संवर्ग के सदस्यों द्वारा काली पट्टी बांध कर विरोध किया गया।
नायब तहसीलदार विकास पांडेय ने कहा कि इन मांगों पर राजस्व परिषद और शासन द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। विभिन्न विभागों के 25 ऐसे पदधारकों के वेतन उच्चीकृत कर दिए गए जिनके वेतन छठे वेतन आयोग लागू होने से पूर्व नायब तहसीलदारों से कम थे। नायब तहसीलदार कमल कुमार सिंह ने कहा कि नायब तहसीलदार अपने अधीनस्थ तहसीलों में कार्यरत लिपिकीय संवर्ग के कर्मचारियों से कम ग्रेड पे पर काम कर रहे हैं। 24 जुलाई तक मांग पूरी नहीं होने पर वृहद आंदोलन चलाने को बाध्य होगा। तहसीलदार मृत्युंजय सिंह, केके पांडेय, नायब तहसीलदार अजय पांडेय ने भी विचार व्यक्त किया।
तहसीलदार चुनार चंद्रप्रकाश प्रियदर्शी ने कहा कि उत्तर प्रदेश राजस्व परिषद और शासन द्वारा हमारी उपेक्षा की जा रही है, शासन के उपेक्षापूर्ण रवैये का शिकार होने के बाद संघ की प्रांतीय कार्यकारिणी ने आंदोलन करने का निर्णय लिया है। पूरे प्रदेश के तहसीलदार और नायब तहसीलदार संघ के आह्वान पर आंदोलित है। तहसीलदार सदर आरपी सिंह ने कहा कि आंदोलन के प्रथम चरण में पंाच से 15 जुलाई तक संवर्ग के सदस्यों द्वारा काली पट्टी बांध कर विरोध किया गया।
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नायब तहसीलदार विकास पांडेय ने कहा कि इन मांगों पर राजस्व परिषद और शासन द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। विभिन्न विभागों के 25 ऐसे पदधारकों के वेतन उच्चीकृत कर दिए गए जिनके वेतन छठे वेतन आयोग लागू होने से पूर्व नायब तहसीलदारों से कम थे। नायब तहसीलदार कमल कुमार सिंह ने कहा कि नायब तहसीलदार अपने अधीनस्थ तहसीलों में कार्यरत लिपिकीय संवर्ग के कर्मचारियों से कम ग्रेड पे पर काम कर रहे हैं। 24 जुलाई तक मांग पूरी नहीं होने पर वृहद आंदोलन चलाने को बाध्य होगा। तहसीलदार मृत्युंजय सिंह, केके पांडेय, नायब तहसीलदार अजय पांडेय ने भी विचार व्यक्त किया।
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