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स्वामी जी और मां के आशीर्वाद से होगा जिले का विकास
Updated Tue, 24 Jul 2018 12:30 AM IST
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स्वामी अड़गड़ानंद का आशीर्वाद लेते डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या
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राजगढ़। सक्तेशगढ़ स्थित परमहंस आश्रम में सोमवार को स्वामी अड़गड़ानंद महाराज ने उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य को रामायण और गीता की कथा सुनाकर राजनीति का पाठ पढ़ाया। स्वामी जी का आशीर्वाद लेने के बाद उपमुख्यमंत्री ने कहा कि वे मां विंध्यवासिनी और स्वामी जी के दर्शन कर जिले का सर्वांगीण विकास करने के लिए यहां आए हैं।
उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य 11.05 पर सक्तेशगढ़ स्थित परमहंस आश्रम के परिसर में बने हेलीपैड पर उतरे। उन्होंने आश्रम में जाकर स्वामी अड़गड़ानंद महाराज का आशीर्वाद लिया। इस दौरान स्वामी अड़गड़ानंद ने उप मुख्यमंत्री को रामायण एवं गीता की कथा सुनाई। माता सीता के वन गमन से लेकर लवकुश के अश्वमेध यज्ञ का घोड़ा पकड़कर लाने तक की कथा सुनाई। कहा कि अयोध्या की सेना समेत सभी योद्धाओं को पछाड़ने के बाद जब लवकुश ने श्रीराम से पूछा कि जिनको आप पवित्र जानते थे, उन माता सीता को एक अयोध्यावासी के कहने पर राज्य से निकल देना कहा की नीति है। इस पर श्रीराम ने कहा कि इसका उत्तर केवल राज्य की प्रजा ही दे सकती है। स्वामी जी ने उप मुख्यमंत्री को प्रवचन के माध्यम से राजनीति की शिक्षा दी। इस दौरान अंबरीष सिंह, भाजपा जिलाध्यक्ष बालेंदुमणि त्रिपाठी, वाराणसी के पूर्व मेयर, विधायक रामशंकर सिंह, राहुल प्रकाश कोल, शुचिस्मिता मौर्य और लालबहादुर सिंह मौजूद रहे। सवा ग्यारह बजे आश्रम में पहुंचते ही भाजपा जिलाध्यक्ष समेत विधायकों ने पुष्प गुच्छ भेंट कर उप मुख्यमंत्री का स्वागत किया।
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उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य 11.05 पर सक्तेशगढ़ स्थित परमहंस आश्रम के परिसर में बने हेलीपैड पर उतरे। उन्होंने आश्रम में जाकर स्वामी अड़गड़ानंद महाराज का आशीर्वाद लिया। इस दौरान स्वामी अड़गड़ानंद ने उप मुख्यमंत्री को रामायण एवं गीता की कथा सुनाई। माता सीता के वन गमन से लेकर लवकुश के अश्वमेध यज्ञ का घोड़ा पकड़कर लाने तक की कथा सुनाई। कहा कि अयोध्या की सेना समेत सभी योद्धाओं को पछाड़ने के बाद जब लवकुश ने श्रीराम से पूछा कि जिनको आप पवित्र जानते थे, उन माता सीता को एक अयोध्यावासी के कहने पर राज्य से निकल देना कहा की नीति है। इस पर श्रीराम ने कहा कि इसका उत्तर केवल राज्य की प्रजा ही दे सकती है। स्वामी जी ने उप मुख्यमंत्री को प्रवचन के माध्यम से राजनीति की शिक्षा दी। इस दौरान अंबरीष सिंह, भाजपा जिलाध्यक्ष बालेंदुमणि त्रिपाठी, वाराणसी के पूर्व मेयर, विधायक रामशंकर सिंह, राहुल प्रकाश कोल, शुचिस्मिता मौर्य और लालबहादुर सिंह मौजूद रहे। सवा ग्यारह बजे आश्रम में पहुंचते ही भाजपा जिलाध्यक्ष समेत विधायकों ने पुष्प गुच्छ भेंट कर उप मुख्यमंत्री का स्वागत किया।
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