{"_id":"5a57ab984f1c1b6b188b467b","slug":"171515695000-mirzapur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीबीआई ने चार लोगों को लखनऊ किया तलब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सीबीआई ने चार लोगों को लखनऊ किया तलब
Updated Thu, 11 Jan 2018 11:53 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हलिया। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) के एसपी एसके खरे के नेतृत्व में चार सदस्यीय टीम ने तीसरे दिन गुरुवार को भी मनरेगा घोटाले की जांच की। टीम ने दिघुली में संपर्क मार्ग और भरकहवा तालाब को गहरा करने के कार्य का निरीक्षण किया। दोनों निर्माण कार्यों में मजदूरी करने वाले लोहरौह गांव के श्रमिकों से पूछताछ की। सीबीआई के एसपी ने दोनों कार्यों से जुड़े करीब चार लोगों को विस्तृत पूछताछ के लिए लखनऊ तलब किया है।
सीबीआई एसपी एसके खरे के नेतृत्व में मनरेगा कार्यों में अनियमितता की जांच कर रही टीम गुरुवार की दोपहर 12 बजे दिघुली गांव पहुंची। टीम ने वहां वर्ष 2008 में मनरेगा के तहत क्षेत्र पंचायत की ओर से करीब तीन लाख रुपये की लागत से तालाब को गहरा करने के कार्य का निरीक्षण किया। करीब पांच लाख रुपये की लागत से निर्मित संपर्क मार्ग को भी देखा। इसके बाद सीबीआई की जांच टीम ने लोहरौह गांव में जाकर इन कार्यों में मजदूरी करने वाले छह श्रमिकों से एकांत में पूछताछ की। इस दौरान एसपी के निर्देश पर जांच टीम ने दिघुली गांव से एक तथा लोहरौह से तीन लोगों को पूछताछ के लिए लखनऊ तलब किया। इससे संबंधित नोटिस भी उन्हें दिया। सीबीआई एसपी एसके खरे ने बताया कि अब सभी मामलों की जांच निर्णायक दौर में पहुंच गई है। जांच के दौरान कुछ श्रमिकों तथा संबंधित अन्य लोगों का बयान दर्ज करने का कार्य बाकी था जिसे पूरा किया जा रहा है। जांच टीम में सीबीआई के डिप्टी एसपी प्रशांत कुमार श्रीवास्तव, सब इंस्पेक्टर नीरज कुमार वर्मा, सहायक संतोष कुमार यादव तथा हलिया ब्लॉक के एकाउंटेंट विमलेश मिश्र मौजूद रहे।
विज्ञापन
सीबीआई एसपी एसके खरे के नेतृत्व में मनरेगा कार्यों में अनियमितता की जांच कर रही टीम गुरुवार की दोपहर 12 बजे दिघुली गांव पहुंची। टीम ने वहां वर्ष 2008 में मनरेगा के तहत क्षेत्र पंचायत की ओर से करीब तीन लाख रुपये की लागत से तालाब को गहरा करने के कार्य का निरीक्षण किया। करीब पांच लाख रुपये की लागत से निर्मित संपर्क मार्ग को भी देखा। इसके बाद सीबीआई की जांच टीम ने लोहरौह गांव में जाकर इन कार्यों में मजदूरी करने वाले छह श्रमिकों से एकांत में पूछताछ की। इस दौरान एसपी के निर्देश पर जांच टीम ने दिघुली गांव से एक तथा लोहरौह से तीन लोगों को पूछताछ के लिए लखनऊ तलब किया। इससे संबंधित नोटिस भी उन्हें दिया। सीबीआई एसपी एसके खरे ने बताया कि अब सभी मामलों की जांच निर्णायक दौर में पहुंच गई है। जांच के दौरान कुछ श्रमिकों तथा संबंधित अन्य लोगों का बयान दर्ज करने का कार्य बाकी था जिसे पूरा किया जा रहा है। जांच टीम में सीबीआई के डिप्टी एसपी प्रशांत कुमार श्रीवास्तव, सब इंस्पेक्टर नीरज कुमार वर्मा, सहायक संतोष कुमार यादव तथा हलिया ब्लॉक के एकाउंटेंट विमलेश मिश्र मौजूद रहे।
विज्ञापन