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एक दशक बाद चुनार पुल के चालू होने की उम्मीद जगी

Tue, 15 May 2018 11:56 PM IST
Updated Tue, 15 May 2018 11:56 PM IST
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एक दशक बाद चुनार पुल के चालू होने की उम्मीद जगी
चुनार। बालू घाट-मेड़िया घाट पर बने पुल के चालू होने की उम्मीद जगी है। प्रशासन के निर्देश पर पुल को अंतिम रूप देने का काम तेजी से चल रहा है। इस पुल का शिलान्यास 13 फरवरी 2007 को तत्कालीन मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव ने किया था। धीमी गति से कार्य होने और बजट की कमी से बीच-बीच में काम रुकने के कारण इस पुल का निर्माण समय से नहीं हो पाया। इस पुल चालू होने से वाराणसी से मिर्जापुर की दूरी दस किलोमीटर कम हो जाएगी और लोगों को सहूलियत होगी। वर्तमान समय में लोग औराई होते हुए मिर्जापुर पहुंचते हैं। विकल्प के रूप में भटौली और चुनार के पीपा पुल का इस्तेमाल होता है। बरसात में पीपा पुल बंद होने के बाद परेशानी बढ़ जाती है।
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वर्ष 2007 में 13 फरवरी को तत्कालीन मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव ने 923.68 मीटर लंबे और 7.5 मीटर चौड़े इस पुल का शिलान्यास किया था। उसी दौरान इसका नामकरण राजनारायण सिंह सेतु रखने की घोषणा की गई थी। शिलान्यास के बाद पुल का निर्माण कार्य शुरू हुआ। जब तक सपा सरकार रही तबतक कार्य तेजी के साथ होता रहा। इसके बाद बसपा की सरकार बनी तो पुल के निर्माण कार्य पर विशेष ध्यान नहीं दिया गया और निर्माण कार्य की गति धीमी पड़ गई। वर्ष 2012 में फिर समाजवादी पार्टी की सत्ता में वापसी होने के बाद मुख्यमंत्री अखिलेश यादव यादव बने और उन्होंने निर्माणाधीन परियोजनाओं को गति देने का काम किया। पक्का पुल के निर्माण कार्य में तेजी लाने के लिए सरकार ने उसे कोलकाता की सिप्लेक्स प्रोजेक्ट प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को ठेका दे दिया लेकिन उसने भी दो वर्षों में मात्र तीन प्रतिशत निर्माण कार्य किया। देरी की वजह से कंपनी से अनुबंध तोड़कर एक बार फिर कार्य सेतु निगम को सौंप दिया गया। 2017 का विधानसभा चुनाव आ गया जिसमें भारतीय जनता पार्टी सत्ता में आई। भाजपा सरकार में पुल निर्माण के कार्य में तेजी आई। पुल पर इन दिनों 21 मीटर लंबे स्लैब की ढलाई का कार्य तेज गति से चल रहा है। पुल के बालूघाट छोर पर ज्वाइंटर पर ढलाई होना बाकी है। निर्माण कार्य लगभग पूरा होने के कगार पर है। चुनार पुल के शिलान्यास के दौरान पुल की लागत 3945.11 लाख थी। समय से काम पूरा होने पर लागत भी बढ़ती गई। अब पुल की लागत बढ़कर 6029.51 लाख हो गई है।
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सेतु निगम के उप परियोजना निदेशक एके सिंह ने कहा कि चुनार पुल पर बारिश से पहले 15 जून से पैदल व दो पहिया वाहनों का आवागमन शुरू करा दिया जाएगा। इसके बाद चार पहिया वाहनों का भी आवागमन शुरू कराया जाएगा।
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जिलाधिकारी अनुराग पटेल ने कहा कि अधिकारियों को बरसात शुरू होने से पहले चुनार पुल को चालू कराने का निर्देश दिया गया है। निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। जून में पुल पर आवागमन चालू करा दिया जाएगा।
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