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आग की चपेट में आने से दूध मुंहे बालक की मौत
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ड्रमंडगंज । बेलन बरौधा पुलिस चौकी क्षेत्र के कोठी धवकल सिंह गांव में रविवार की दोपहर 12 बजे एक कच्चे मकान में लगी आग से जलकर तीन वर्षीय बालक की मौत हो गई। अगलगी में गृहस्थी का डेढ़ लाख तक का सामान भी जल गया है। पुलिस ने बालक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
कोठी धवकल सिंह गांव निवासी दिनेश कोल तथा उसकी पत्नी रविवार को घर से कुछ दूर मजदूरी करने गए थे। दोपहर में दिनेश कोल के दोनों बेटे सूरज तथा आर्यन उर्फ लड्डू घर में सो रहे थे। इसी दौरान दिनेश के कच्चे मकान से सटे छप्पर में अचानक आग लग गई। घर के भीतर धुआं भर जाने के कारण सूरज की नीद खुल गई, वह किसी तरह घर से बाहर निकल गया, लेकिन उसका तीन वर्षीय छोटा भाई घर के भीतर ही रह गया। सूरज के शोर मचाने पर पहुंचे ग्रामीणों ने आग बुझाने की कोशिश की। सूचना मिलते ही चौकी प्रभारी राजेश यादव भी दलबल के साथ पहुंचे और ग्रामीणों की मदद से आग पर काबू पाया गया। तब तक आर्यन की मौत हो चुकी थी। नायब तहसीलदार प्रभुनाथ यादव ने कानूनगो तथा लेखपाल के साथ मौके पर जा कर जानकारी ली। एसडीएम ने बताया कि भुक्तभोगी दिनेश कोल को गृह अनुदान तथा अहेतुक सहायता के अतिरिक्त दैवी आपदा राहत के तौर पर चार लाख रुपये शासन द्वारा उपलब्ध कराए जाने की व्यवस्था कराई जाएगी।
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कोठी धवकल सिंह गांव निवासी दिनेश कोल तथा उसकी पत्नी रविवार को घर से कुछ दूर मजदूरी करने गए थे। दोपहर में दिनेश कोल के दोनों बेटे सूरज तथा आर्यन उर्फ लड्डू घर में सो रहे थे। इसी दौरान दिनेश के कच्चे मकान से सटे छप्पर में अचानक आग लग गई। घर के भीतर धुआं भर जाने के कारण सूरज की नीद खुल गई, वह किसी तरह घर से बाहर निकल गया, लेकिन उसका तीन वर्षीय छोटा भाई घर के भीतर ही रह गया। सूरज के शोर मचाने पर पहुंचे ग्रामीणों ने आग बुझाने की कोशिश की। सूचना मिलते ही चौकी प्रभारी राजेश यादव भी दलबल के साथ पहुंचे और ग्रामीणों की मदद से आग पर काबू पाया गया। तब तक आर्यन की मौत हो चुकी थी। नायब तहसीलदार प्रभुनाथ यादव ने कानूनगो तथा लेखपाल के साथ मौके पर जा कर जानकारी ली। एसडीएम ने बताया कि भुक्तभोगी दिनेश कोल को गृह अनुदान तथा अहेतुक सहायता के अतिरिक्त दैवी आपदा राहत के तौर पर चार लाख रुपये शासन द्वारा उपलब्ध कराए जाने की व्यवस्था कराई जाएगी।
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