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आतंकी इनपुट के चलते 15 अगस्त पर रहेगा कड़ा पहरा
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आतंकी इनपुट के चलते 15 अगस्त पर रहेगा कड़ा पहरा
मेरठ। आतंकी गतिविधियों को देखते डीजीपी मुकुल गोयल ने 15 अगस्त पर पुलिस का कड़ा पहरा लगाने की बात कही है। डीजीपी ने कहा कि सभी जिलों के पुलिस कप्तानों को सघन चेकिंग कराने और अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं। 15 अगस्त पर आतंकी इनपुट को देखते सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पुलिस के साथ सुरक्षा एजेंसियां भी अलर्ट हैं। सभी बिंदुओं पर बारीकी से छानबीन करने में पुलिस लगी है।
किसान आंदोलन पर भी हुई चर्चा
डीजीपी ने प्रेस वार्ता में बताया कि किसान आंदोलन को लेकर भी पुलिस अधिकारियों से चर्चा हुई। एडीजी, आईजी और सहारनपुर के डीआईजी के साथ सभी पुलिस कप्तानों को निर्देश दिए गए हैं। अपराध के साथ-साथ कानून व्यवस्था बनाना भी हमारी प्राथमिकता है। कानून व्यवस्था किसी भी सूरत में नहीं बिगड़ने देंगे। इसको लेकर अधिकारी रोजाना मॉनीटरिंग भी कर रहे हैं।
एसएसपी के काम की सराहना की
अपराध समीक्षा में डीजीपी ने एसएसपी प्रभाकर चौधरी के काम की सराहना की। कहा कि मेरठ में जीरो टॉलरेंस पर काम चल रहा है। प्रभाकर भ्रष्टाचार को लेकर पुलिस कर्मियों पर लगातार कार्रवाई कर रहे हैं। जनसुनवाई भी बेहतर हुई है। समस्या सुनकर समाधान कराया जा रहा है। दूसरे जनपद के अधिकारियों को भी इससे सीख लेनी चाहिए। प्रभाकर चौधरी ने अपने 50 दिन के कार्यकाल में 93 पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की है।
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नौ जिलों के अधिकारी रहे
करीब एक घंटा अपराध समीक्षा चली। जिसमें डीजीपी ने बेहतर काम के बारे में अधिकारियों से पूछा। कानून व्यवस्था और अपराध पर शिकंजा कसने के लिए और क्या बेहतर हो सकता है, इसको लेकर अधिंकारियों से बात की। जिला स्तर पर भेजे गए प्रस्ताव को लेकर भी चर्चा हुई है। अनसुलझी घटना, बढ़ते अपराध, भूमि विवाद, बीट कांस्टेबल, आपराधिक रजिस्टर और अधूरी विवेचना पर डीजीपी ने नाराजगी जताई। बैठक में एडीजी जोन राजीव सभरवाल, कमिश्नर सुरेंद्र सिंह, कमिश्नर गौतमबुद्धनगर आलोक सिंह, आईजी रेंज प्रवीण कुमार, डीआईजी सहारनपुर प्रीतिंदर सिंह, मेरठ डीएम के. बालाजी, एसएसपी मेरठ, एसएसपी गाजियाबाद, हापुड़, बुलंदशहर, शामली, बागपत, सहारनपुर समेत नौ जिलों के अधिकारी मौजूद रहे।
बदन सिंह बद्दो पुलिस का बड़ा टारगेट
डीजीपी मुकुल गोयल ने कहा कि मेरठ का शातिर अपराधी ढाई लाख का इनामी बदन सिंह बद्दो पुलिस का बड़ा टारगेट है। उस पर गैंगस्टर 14 ए के तहत कुर्की की कार्रवाई भी पुलिस कर चुकी है। उसकी गिरफ्तारी करना पुलिस के सामने बड़ी चुनौती है। उसको पकड़ने के लिए पुलिस टीम लगी है। मेरठ पुलिस के साथ साथ अन्य जनपद की पुलिस और कई एजेंसियां भी उसकी तलाश में लगी हैं। पुलिस उसको पकड़ने का हर प्रयास करेगी। इसे लेकर बड़ी रणनीति बनाई गई है।
पांच घंटे रहे शहर में रहे डीजीपी
सुबह दस बजे डीजीपी पुलिस लाइन में गाड़ी से पहुंच गए थे। सलामी लेकर अपराध की समीक्षा की और फिर जनप्रतिनिधियों से वार्ता की। मीडिया से बातचीत के बाद फिर अधिकारियों से वार्ता की। सर्किट हाउस में डीजीपी ने अधिकारियों के साथ लंच किया फिर गाड़ी से वापस कैंट माल रोड वाया कंकरखेड़ा बाईपास, गाजियाबाद दिल्ली के लिए प्रस्थान कर गए। डीजीपी पांच घंटे शहर में रहे, इस दौरान पुलिस अलर्ट रही।
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मेरठ। आतंकी गतिविधियों को देखते डीजीपी मुकुल गोयल ने 15 अगस्त पर पुलिस का कड़ा पहरा लगाने की बात कही है। डीजीपी ने कहा कि सभी जिलों के पुलिस कप्तानों को सघन चेकिंग कराने और अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं। 15 अगस्त पर आतंकी इनपुट को देखते सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पुलिस के साथ सुरक्षा एजेंसियां भी अलर्ट हैं। सभी बिंदुओं पर बारीकी से छानबीन करने में पुलिस लगी है।
किसान आंदोलन पर भी हुई चर्चा
डीजीपी ने प्रेस वार्ता में बताया कि किसान आंदोलन को लेकर भी पुलिस अधिकारियों से चर्चा हुई। एडीजी, आईजी और सहारनपुर के डीआईजी के साथ सभी पुलिस कप्तानों को निर्देश दिए गए हैं। अपराध के साथ-साथ कानून व्यवस्था बनाना भी हमारी प्राथमिकता है। कानून व्यवस्था किसी भी सूरत में नहीं बिगड़ने देंगे। इसको लेकर अधिकारी रोजाना मॉनीटरिंग भी कर रहे हैं।
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एसएसपी के काम की सराहना की
अपराध समीक्षा में डीजीपी ने एसएसपी प्रभाकर चौधरी के काम की सराहना की। कहा कि मेरठ में जीरो टॉलरेंस पर काम चल रहा है। प्रभाकर भ्रष्टाचार को लेकर पुलिस कर्मियों पर लगातार कार्रवाई कर रहे हैं। जनसुनवाई भी बेहतर हुई है। समस्या सुनकर समाधान कराया जा रहा है। दूसरे जनपद के अधिकारियों को भी इससे सीख लेनी चाहिए। प्रभाकर चौधरी ने अपने 50 दिन के कार्यकाल में 93 पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की है।
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नौ जिलों के अधिकारी रहे
करीब एक घंटा अपराध समीक्षा चली। जिसमें डीजीपी ने बेहतर काम के बारे में अधिकारियों से पूछा। कानून व्यवस्था और अपराध पर शिकंजा कसने के लिए और क्या बेहतर हो सकता है, इसको लेकर अधिंकारियों से बात की। जिला स्तर पर भेजे गए प्रस्ताव को लेकर भी चर्चा हुई है। अनसुलझी घटना, बढ़ते अपराध, भूमि विवाद, बीट कांस्टेबल, आपराधिक रजिस्टर और अधूरी विवेचना पर डीजीपी ने नाराजगी जताई। बैठक में एडीजी जोन राजीव सभरवाल, कमिश्नर सुरेंद्र सिंह, कमिश्नर गौतमबुद्धनगर आलोक सिंह, आईजी रेंज प्रवीण कुमार, डीआईजी सहारनपुर प्रीतिंदर सिंह, मेरठ डीएम के. बालाजी, एसएसपी मेरठ, एसएसपी गाजियाबाद, हापुड़, बुलंदशहर, शामली, बागपत, सहारनपुर समेत नौ जिलों के अधिकारी मौजूद रहे।
बदन सिंह बद्दो पुलिस का बड़ा टारगेट
डीजीपी मुकुल गोयल ने कहा कि मेरठ का शातिर अपराधी ढाई लाख का इनामी बदन सिंह बद्दो पुलिस का बड़ा टारगेट है। उस पर गैंगस्टर 14 ए के तहत कुर्की की कार्रवाई भी पुलिस कर चुकी है। उसकी गिरफ्तारी करना पुलिस के सामने बड़ी चुनौती है। उसको पकड़ने के लिए पुलिस टीम लगी है। मेरठ पुलिस के साथ साथ अन्य जनपद की पुलिस और कई एजेंसियां भी उसकी तलाश में लगी हैं। पुलिस उसको पकड़ने का हर प्रयास करेगी। इसे लेकर बड़ी रणनीति बनाई गई है।
पांच घंटे रहे शहर में रहे डीजीपी
सुबह दस बजे डीजीपी पुलिस लाइन में गाड़ी से पहुंच गए थे। सलामी लेकर अपराध की समीक्षा की और फिर जनप्रतिनिधियों से वार्ता की। मीडिया से बातचीत के बाद फिर अधिकारियों से वार्ता की। सर्किट हाउस में डीजीपी ने अधिकारियों के साथ लंच किया फिर गाड़ी से वापस कैंट माल रोड वाया कंकरखेड़ा बाईपास, गाजियाबाद दिल्ली के लिए प्रस्थान कर गए। डीजीपी पांच घंटे शहर में रहे, इस दौरान पुलिस अलर्ट रही।