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Meerut News: दूल्हे ने दहेज में मिले साढ़े पांच लाख रुपये लौटाए
Wed, 06 Mar 2024 01:09 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मेरठ
संवाद न्यूज एजेंसी, मेरठ
Updated Wed, 06 Mar 2024 01:09 AM IST
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बड़गांव (सहारनपुर)। दहेज को लेकर विवाहिताओं के साथ आए दिन अत्याचार के मामले सामने आ रहे हैं, लेकिन बड़गांव के रहने वाले एक युवक ने ऐसे दहेज लोभियों के लिए एक मिसाल पेश की है। दुल्हन पक्ष ने दहेज में साढ़े पांच लाख रुपये दिए, जबकि दूल्हे ने यह कहते हुए रकम वापस लौटा दी कि दुल्हन ही दहेज है। यह शादी पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी है।
मंगलवार को बड़गांव के गांव टपरी निवासी मास्टर कुशलपाल सिंह के बेटे मनीष पुंडीर (24) की बरात जिला मेरठ की तहसील सरधना के गांव रार्धना पहुंची। यहां सुनील सोम की बेटी मीना सोम से शादी के दौरान टीका प्रथा के लिए जब दुल्हन पक्ष 5.51 लाख रुपये की थाली लेकर दूल्हे के पास पहुंचा तो उसने थाली में से सिर्फ 551 रुपये शगुन के तौर पर स्वीकार करते हुए थाली उठाकर टीके की सारी राशि ससम्मान लौटा दी। बरात में फिजूल खर्ची पर रोक लगाने की तात कहते हुए हुए केवल 21 बाराती लेकर पहुंचे दूल्हे मनीष पुंडीर व उसके बड़े भाई आशीष पुंडीर ने दहेज को एक सामाजिक बुराई बताया। उन्होंने कहा कि दुल्हन ही दहेज है।
समाज के लोगों ने इसकी प्रशंसा करते हुए सराहनीय कदम बताया है। दूल्हे के बड़े भाई समाजसेवी आशीष पुंडीर ऐसे सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते रहते है। जो पूर्व में सहारनपुर जिला पंचायत के वार्ड 35 से चुनाव लड़ चुके हैं। मनीष बीए फाइनल का छात्र है, जो सेटरिंग की दुकान भी करता है, जबकि दुल्हन भी ग्रेजुएट है।
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मंगलवार को बड़गांव के गांव टपरी निवासी मास्टर कुशलपाल सिंह के बेटे मनीष पुंडीर (24) की बरात जिला मेरठ की तहसील सरधना के गांव रार्धना पहुंची। यहां सुनील सोम की बेटी मीना सोम से शादी के दौरान टीका प्रथा के लिए जब दुल्हन पक्ष 5.51 लाख रुपये की थाली लेकर दूल्हे के पास पहुंचा तो उसने थाली में से सिर्फ 551 रुपये शगुन के तौर पर स्वीकार करते हुए थाली उठाकर टीके की सारी राशि ससम्मान लौटा दी। बरात में फिजूल खर्ची पर रोक लगाने की तात कहते हुए हुए केवल 21 बाराती लेकर पहुंचे दूल्हे मनीष पुंडीर व उसके बड़े भाई आशीष पुंडीर ने दहेज को एक सामाजिक बुराई बताया। उन्होंने कहा कि दुल्हन ही दहेज है।
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समाज के लोगों ने इसकी प्रशंसा करते हुए सराहनीय कदम बताया है। दूल्हे के बड़े भाई समाजसेवी आशीष पुंडीर ऐसे सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते रहते है। जो पूर्व में सहारनपुर जिला पंचायत के वार्ड 35 से चुनाव लड़ चुके हैं। मनीष बीए फाइनल का छात्र है, जो सेटरिंग की दुकान भी करता है, जबकि दुल्हन भी ग्रेजुएट है।
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