फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   student file rit in highcourt due to disqualified in admission

मेरठ कॉलेज में प्रवेश नहीं होने पर हाईकोर्ट पहुंचा छात्र

Thu, 28 Nov 2019 02:27 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 28 Nov 2019 02:27 AM IST
विज्ञापन
student file rit in highcourt due to disqualified in admission
मेरठ।
विज्ञापन

मेरठ कॉलेज में एलएलबी प्रथम वर्ष में प्रवेश नहीं मिलने पर छात्र ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है। हाईकोर्ट के जवाब मांगने पर विवि प्रशासन ने स्पष्ट किया कि कॉलेज ने नियमानुसार ही प्रवेश किए हैं। छात्र ने रजिस्ट्रेशन में एमएड के नंबर अंकित किए थे। एमएड एक वर्षीय कोर्स होने के कारण एलएलबी के लिए क्वालीफाइंग कोर्स नहीं है। इस कारण उसे मेरिट में शामिल नहीं किया गया था।
गढ़ रोड तरू कुंज निवासी अजीत सिंह ने हाईकोर्ट में दायर की गई याचिका में बताया कि उसने मेरठ कॉलेज में एलएलबी प्रथम वर्ष में प्रवेश के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन किया था। मेरठ कॉलेज की दूसरी मेरिट 57 फीसदी अंकों पर रुकी, लेकिन उसका नाम सूची में शामिल नहीं किया गया। जबकि उसका मेरिट इंडेक्स 57.5 फीसदी था। कॉलेज और विवि प्रशासन से शिकायत के बाद भी उसका प्रवेश नहीं हो पाया। इसके बाद उसने हाईकोर्ट की शरण ली। हाईकोर्ट ने विवि को मामले का निस्तारण करने के आदेश दिए थे।
विज्ञापन

विवि प्रशासन का कहना है कि सारे तथ्यों की जांच के बाद सामने आया कि जो मार्कशीट अजीत सिंह ने रजिस्ट्रेशन में लगाई थी, वह एमएड की थी। उसके सर्वाधिक नंबर एमएड में ही थे। तीन वर्षीय एलएलबी कोर्स के लिए एमएड क्वालीफाइंग कोर्स नहीं है। ऐसे में अजीत को इन नंबरों का वेटेज नहीं दिया गया। एलएलबी तीन वर्षीय पाठ्यक्रम के लिए स्नातक तीन वर्षीय या परास्नातक दो वर्षीय पाठ्यक्रम में 45 फीसदी या इससे ज्यादा अंक होने चाहिए। छात्र को भी पूरे नियमों से अवगत करा दिया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

वेबसाइट पर देनी चाहिए थी सूचना
अजीत ने कहा कि एलएलबी के लिए जब एमएड कोर्स क्वालीफाइंग नहीं है तो इसकी सूचना वेबसाइट पर दी जानी चाहिए थी। कंपनी को सॉफ्टवेयर में बदलाव करना चाहिए। जब पीजी का एक वर्षीय कोर्स क्वालीफाइंग में नहीं आता है तो फार्म कंप्लीट नहीं होना चाहिए था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed