फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Pinky's neck was attacked by the father-in-law with a cutter

पिंकी की गर्दन पर ससुर ने किए थे कटर से वार

Fri, 08 Oct 2021 01:51 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 08 Oct 2021 01:51 AM IST
विज्ञापन
Pinky's neck was attacked by the father-in-law with a cutter
पिंकी की गर्दन पर ससुर ने किए थे कटर से वार
विज्ञापन

मेरठ। शहर के चर्चित अमित आत्महत्या प्रकरण में सीसीटीवी की फुटेज स्पष्ट होने के बाद पूरी कहानी बदल गई है। अब तक जो पुलिस भी पिंकी द्वारा खुद गर्दन पर कटर मारने के दावे कर रही थी वही अब बैकफुट पर आ गई है। फुटेज से जो खुलासा हुआ है उसमें अमित के पिता रामकिशन बंसल का दागदार चेहरा सामने आया है। बेटे की आत्महत्या के बाद रामकिशन ने बहू को पहले लात-घूंसों से पीटा और फिर उसकी गर्दन पर कटर चला दिया। पिंकी तड़पती रही लेकिन रामकिशन का कलेजा नहीं कांपा। फुटेज और एसआईटी की जांच में सच सामने आने के बाद पुलिस ने पिंकी के पिता की तहरीर पर रामकिशन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। लेकिन रात एक बजे तक भी उसे हिरासत में नहीं लिया गया।
शास्त्रीनगर में इंटीरियर डिजाइनर अमित बंसल की आत्महत्या में अहम सुबूत के तौर पर सामने आई सीसीटीवी फुटेज ने दिल दहला देने वाली हकीकत बयां की है। इस फुटेज को देखकर यह स्पष्ट हो गया है कि परिवार में रिश्ते सिर्फ नाम के रह गए थे। फुटेज के मुताबिक पुलिस का कहना है कि अमित के आत्महत्या करने के बाद जब पिंकी वहां पहुंची तो फंदे पर झूलता देख उसे उतारने की कोशिश की। बहुत देर तक कशमकश के बाद भी फंदा नहीं खुला तो उसने पेपर कटर से फंदा काट दिया। अमित का बेजान शरीर नीचे गिर गया। पिंकी को यकीन नहीं हुआ कि अमित की मौत हो चुकी है। वह उसके शरीर को बार-बार हिलाती रही। चीखती-चिल्लाती रही। अमित उठ जाओ, अमित आंख खोलो। लेकिन अमित की सांसें बहुत देर पहले ही साथ छोड़ चुकी थीं। ब्यूरो
विज्ञापन

न सास को दया आई न ससुर के हाथ कांपे
फुटेज में नजर आ रहा है कि जब पिंकी को लग गया कि अमित अब जिंदा नहीं है तो उसने पहले उसी फंदे को अपने गले में डालने की कोशिश की लेकिन वह इसमें कामयाब नहीं हुई। इसके बाद उसने कटर से अपने हाथ की नस काट ली और अमित के साथ लिपटकर रोने लगी। इस सारे वाकये के दौरान अमित की मां कोने में खड़ी चुपचाप सब देखती रही। इसी दौरान आठ माह की पोती इक्कावीरा को गोद में लेकर रामकिशन वहां पहुंच गए। उन्होंने जाते ही अमित के शव से लिपटी लहूलुहान पिंकी को बुरी तरह लात-घूंसों से पीटना शुरू कर दिया। इसके बाद रामकिशन ने जमीन पर पड़ा कटर उठा लिया। फुटेज में यहीं से धुंधलापन है। लेकिन मौका-ए-वारदात का सीन यह स्पष्ट कर रहा है कि रामकिशन द्वारा उठाया गया कटर फेंका नहीं गया था। पिंकी की गर्दन पर उसी से वार किए गए। क्योंकि पहली फुटेज में पिंकी ने सिर्फ अपने हाथ की नस काटी, गर्दन पर वार रामकिशन ने ही किए।
विज्ञापन
विज्ञापन

नोएडा के अस्पताल में वेंटिलेटर पर पहुंची पिंकी
हाथ की नस और गर्दन पर हुए वार के चलते पिंकी चार दिन से नोएडा जेपी हॉस्पिटल में मौत से लड़ रही है। बृहस्पतिवार को उसकी हालत बेहद नाजुक हो गई। उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है। देर रात तक डॉक्टर कुछ भी कह पाने की स्थिति में नहीं थे।
पिंकी के भाई और पिता की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज
पिंकी के भाई मोहित व फिर उसके पिता मनोज गुप्ता ने बेटी पर हमला होने का आरोप लगाकर बुधवार को नौचंदी थाने मेें तहरीर दी थी। एसआईटी की रिपोर्ट के बाद बृहस्पतिवार को मनोज गुप्ता ने बेटी पिंकी के ससुर पर ही हत्या के प्रयास का आरोप लगाते हुए तहरीर दे दी। इसके बाद पुलिस ने देर रात रामकिशन के खिलाफ जानलेवा हमले की धारा में मामला दर्ज कर लिया। देर रात पुलिस रामकिशन को गिरफ्तार करने में जुट गई।
एडवोकेट हैं रामकिशन
मनोज बंसल के पिता रामकिशन बंसल पेशे से एडवोकेट हैं। पूरे घटनाक्रम को वह अब तक पुलिस से छिपाते रहे। वह कानून के बारे में सब कुछ जानते हैं। ऐसे में साक्ष्य छिपाने के मामले में भी पुलिस उन पर धारा बढ़ा सकती है।

मिले पुख्ता सुबूत
एसएसपी प्रभाकर चौधरी का कहना है कि अमित बंसल आत्महत्या प्रकरण की रिपोर्ट एसआईटी ने बृहस्पतिवार को सौंप दी है। इसके आधार पर पिंकी पर कातिलाना हमले के आरोप में ससुर रामकिशन बंसल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। एसआईटी ने फुटेज के आधार पर रिपोर्ट में रामकिशन द्वारा पिंकी से मारपीट और कटर से गर्दन पर हमला करने की पुष्टि की है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed