{"_id":"5e22167c8ebc3e4afd2fc878","slug":"negligence-in-handling-complaints-of-cm-portal-meerut-news-mrt4643910188","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीएम पोर्टल की शिकायतों पर भी लापरवाही","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सीएम पोर्टल की शिकायतों पर भी लापरवाही
विज्ञापन
सीएम पोर्टल की शिकायतें निपटाने में भी लापरवाही
मेरठ। सीसीएसयू से संबद्ध कॉलेजों में सीएम पोर्टल की शिकायतों को निपटाने में भी भारी लापरवाही की जा रही है। लगातार निर्देश देने के बाद भी 166 शिकायतों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। विवि प्रशासन ने इन कॉलेजों की सूची वेबसाइट पर अपलोड कराते हुए जवाब मांगा है। अगर कॉलेज जल्द निस्तारण नहीं करते हैं तो कॉलेजों के प्राचार्यों के बारे में शासन को लिखा जाएगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जन सुनवाई के लिए आईजीआरएस पोर्टल की शुरुआत कराई थी। इस पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत की जा सकती हैं। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए थे कि पोर्टल पर आने वाली शिकायतों का सौ फीसदी निपटारा किया जाए। ऐसे में विवि प्रशासन की तरफ से सभी कॉलेजों को यह निर्देश जारी किए गए थे कि कोई भी शिकायत पेंडिंग नहीं रहेगी। इसके बावजूद भी कॉलेज लापरवाही कर रहे हैं। हर बार विवि के निर्देशों को वह हवा में उड़ा रहे हैं। यह भी तब है जबकि मुख्यमंत्री खुद पोर्टल पर आने वाली सूचनाओं के संबंध में जवाब मांगते हैं। सीसीएसयू के कॉलेजों की बात करें तो एक-एक कॉलेज में कई कई शिकायतें पेंडिंग पड़ी हैं। कुल 166 मामलों का निस्तारण नहीं हुआ। इन कॉलेजों की सूची विवि प्रशासन की तरफ से वेबसाइट पर अपलोड कराई गई है।
विज्ञापन
मेरठ। सीसीएसयू से संबद्ध कॉलेजों में सीएम पोर्टल की शिकायतों को निपटाने में भी भारी लापरवाही की जा रही है। लगातार निर्देश देने के बाद भी 166 शिकायतों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। विवि प्रशासन ने इन कॉलेजों की सूची वेबसाइट पर अपलोड कराते हुए जवाब मांगा है। अगर कॉलेज जल्द निस्तारण नहीं करते हैं तो कॉलेजों के प्राचार्यों के बारे में शासन को लिखा जाएगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जन सुनवाई के लिए आईजीआरएस पोर्टल की शुरुआत कराई थी। इस पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत की जा सकती हैं। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए थे कि पोर्टल पर आने वाली शिकायतों का सौ फीसदी निपटारा किया जाए। ऐसे में विवि प्रशासन की तरफ से सभी कॉलेजों को यह निर्देश जारी किए गए थे कि कोई भी शिकायत पेंडिंग नहीं रहेगी। इसके बावजूद भी कॉलेज लापरवाही कर रहे हैं। हर बार विवि के निर्देशों को वह हवा में उड़ा रहे हैं। यह भी तब है जबकि मुख्यमंत्री खुद पोर्टल पर आने वाली सूचनाओं के संबंध में जवाब मांगते हैं। सीसीएसयू के कॉलेजों की बात करें तो एक-एक कॉलेज में कई कई शिकायतें पेंडिंग पड़ी हैं। कुल 166 मामलों का निस्तारण नहीं हुआ। इन कॉलेजों की सूची विवि प्रशासन की तरफ से वेबसाइट पर अपलोड कराई गई है।
विज्ञापन