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देश की आंतरिक सुरक्षा से खिलवाड़, एक मोबाइल के आईएमईआई नंबर पर चलते मिले चीन की कंपनी के 15 हजार फोन

Fri, 05 Jun 2020 12:37 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ Published by: Dimple Sirohi Updated Fri, 05 Jun 2020 12:37 PM IST
सार

- हजारों मोबाइलों की आईएमईआई नंबर एक, साइबर सेल जांच में जुटी
-साइबर एक्सपर्ट्स से जांच में पता चला कि कंपनी के करीब 15,000 आईएमईआई नंबर एक जैसे
 

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more than fifteen thousand phones were found running on IMEI number of Daroga's mobile, the company's distributor sued
मोबाइल फोन - फोटो : पेक्सेल्स

विस्तार

मेरठ में आईएमईआई नंबर का बड़ा कारनामा सामने आया है। करीब 15 हजार मोबाइल के आईएमईआई एक ही बताए हैं। दरोगा की शिकायत पर मेडिकल थाने में चीन की वीवो कंपनी के डिस्ट्रीब्यूटर पर मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है।  
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पुलिस के अनुसार एडीजी मेरठ जोन ऑफिस में तैनात दरोगा आसाराम की शिकायत पर मेडिकल थाने में ब्रह्मपुरी शारदा रोड स्थित वीवो कंपनी के डिस्ट्रीब्यूटर के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत किया गया है।
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दरोगा का आरोप है कि उसका मोबाइल खराब हो गया था जिसको उसने मोबाइल कंपनी की सर्विस सेंटर पर दे दिया था। जिसे पता चला कि मोबाइल का आईएमइआई नंबर ठीक नहीं है। ऐसे कई नंबर इसी कंपनी के दूसरे मोबाइलों में भी है। 
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एडीजी मेरठ जोन राजीव सभरवाल ने बताया कि यह मामला बेहद गंभीर है। अपराधियों को पकड़ने के लिए आईएमईआई नंबर से ही पुलिस को काफी मदद मिलती है। अपराधी अपराध करके बाहर जाता है और मोबाइल सिम बदल लेता है। पुलिस के पास उसको ढूंढने के लिए आईएमईआई नंबर ही होता है।

साइबर एक्सपर्ट्स से जांच कराई गई है जिसमें पता चला कि कंपनी के करीब 15,000 आईएमईआई नंबर एक जैसे है। पुलिस अभी जांच पड़ताल कर रही है कि आखिर मोबाइल कंपनी ने आईएमईआई नंबर एक जैसे ही मोबाइलों में क्यों दिए हैं। मोबाइल कंपनी को भी पुलिस द्वारा चिट्ठी भेजी गई है कि वह भी अपना जवाब दें।

सीओ सिविल लाइन संजीव देशवाल का कहना है कि साइबर सेल इस मामले की जांच कर रही है। इस मामला की मॉनिटरिंग एडीजी मेरठ जोन खुद भी कर रहे हैं। एडीजी मेरठ जोन राजीव सभरवाल ने बताया कि साइबर एक्सपर्ट जांच में लगे हैं। मोबाइल कंपनी से भी जवाब मांगा है। सभी बिंदु पर जांच करने के बाद ही पुलिस अगली कार्रवाई करेगी।

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