मेरठ: परिक्षितगढ़ में सर्राफ की मौत पर ग्रामीणों में रोष, थाने पर शव रखकर लगाया जाम
रविवार शाम करीब छह बजे नगर के मेरठ मार्ग स्थित रजवाहा के किनारे एक युवक का शव पड़ा मिला था। पुलिस ने बिना शव की पहचान कराए मोर्चरी भेज दिया। सूचना पर पहुंचे परिजनों ने फोटो देखकर पहचान की। जिस पर उन्होंने बिना पहचान के शव को मोर्चरी भेजने पर रोष जताया।
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मेरठ के परिक्षितगढ़ में सोमवार को सरार्फ का शव पोस्टमार्टम के बाद पहुंचने पर पीड़ित के परिजनों के साथ सैकड़ों ग्रामीणों ने थाने पर शव रखकर जाम लगा दिया। रविवार शाम को छह बजे व्यापारी का शव मेरठ मार्ग स्थित रजवाहा के किनारे पड़ा मिला था। वहीं पुलिस ने बिना पहचान कराए ही शव को मोर्चरी भेज दिया। सूचना पर पहुंचे परिजनों ने फोटो देखकर मृतक की पहचान सरार्फ कपिल के रूप में की थी। आज सुबह जैसे ही पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को शव सौंपा गया, तो उन्होंने हंगामा कर दिया।
व्यापारी सर्राफा का शव पोस्टमार्टम के बाद पहुंचने पर पीड़ित परिजनों के साथ सैकड़ों ग्रामीणों ने थाने पर शव रखकर जाम लगा दिया और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए घटना का जल्द खुलासा करने की मांग पर अड़ गए। ग्रामीणों ने पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता की मांग करते हुए जमकर हंगामा किया।
वहीं जाम लगने की सूचना पर एसडीएम मवाना, सीओ सदर देहात जिला पंचायत सदस्य, पूर्व जिला पंचायत सदस्य पहुंचे और पीड़ित परिजनों को आर्थिक सहायता, घटना का जल्द ही खुलासा कराने का आश्वासन दिया। कई घंटे चले हंगामे के बाद ग्रामीणों ने आश्वासन पर जाम खोला। वहीं जाम लगने से सड़क मार्ग के दोनों और वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
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दरअसल, रविवार शाम करीब छह बजे नगर के मेरठ मार्ग स्थित रजवाहा के किनारे एक युवक का शव पड़ा मिला था। सूचना पर पहुंची थाना पुलिस ने शव का मोबाइल में फोटो खींच कर आनन-फानन में मोर्चरी भेज दिया था। सूचना पर पहुंचे परिजनो ने पुलिस ने मोबाइल में फोटो दिखाने पर शिनाख्त सर्राफ कपिल सैनी के रूप में की थी। परिजनों ने कार्यवाहक थानाध्यक्ष मोहसिन पर बिना सूचना दिए शव को मोर्चरी भेजने पर कड़ी नारजगी जाहिर की थी।
सोमवार को सर्राफ कपिल सैनी का पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा गया तो, उन्होंने सैकड़ों ग्रामीणों के साथ शव को थाने के सामने रखकर जाम लगा दिया और पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी करने लगे। जाम की सूचना मिलने पर पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया।
मवाना एसडीएम कमलेश गोयल ,सीओ सदर देहात पूनम सिरोही, जिला पंचायत सदस्य विकास उपाध्याय, जिला पंचायत सदस्य नितिन खटीक मोके पर पहुंचे जिस परिजनों व ग्रामीणो ने बिना सूचना दिए शव को भेजने पर पुलिस के प्रीति रोष जताया। ग्रामीणों ने पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता व हत्यारों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की मांग की। एसडीएम मवाना ने पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता व शीघ्र ही घटना का खुलासा करने का आश्वासन दिया।