फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Meerut News : Nutima Hospital did not get relief from the High Court

UP: न्यूटिमा अस्पताल को हाईकोर्ट से नहीं मिली राहत, खूब चर्चा में है ये केस, अब प्राधिकरण फिर से सुनेगा मामला

Thu, 07 Dec 2023 12:28 AM IST
कपिल kapil अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ Published by: कपिल kapil Updated Thu, 07 Dec 2023 12:28 AM IST
सार

Meerut News : मेडा ने हाइकोर्ट में सभी दस्तावेज दाखिल किए। बताया कि न्यूटिमा प्रकरण में कमिश्नर के निस्तारण आदेश के बाद सीएमओ को कई दिन पहले अस्पताल से मरीजों को शिफ्ट करने को पत्र भेज दिया गया था।

विज्ञापन
Meerut News : Nutima Hospital did not get relief from the High Court
अनशन पर बैठे सपा विधायक अतुल प्रधान - फोटो : Amar Ujala

विस्तार

मेरठ में न्यूटिमा अस्पताल को हाईकोर्ट से राहत नहीं मिली है। प्राधिकरण की कार्रवाई रोकने के लिए अस्पताल की ओर से दाखिल की गई याचिका हाइकोर्ट ने खारिज कर दी है। इसमें अस्पताल को कोई राहत न देते हुए प्राधिकरण को एक बार फिर से मामले को सुनने के आदेश दिए गए हैं।

विज्ञापन


वहीं, मेडा ने हाइकोर्ट में सभी दस्तावेज दाखिल किए। बताया कि न्यूटिमा प्रकरण में कमिश्नर के निस्तारण आदेश के बाद सीएमओ को कई दिन पहले अस्पताल से मरीजों को शिफ्ट करने को पत्र भेज दिया गया था। अवैध इमारत में अस्पताल का लााइसेंस जारी करने को लेकर भी आपत्ति जताई गई।

विज्ञापन

मानकों को ताक पर रखकर चल रहे न्यूटिमा अस्पताल के बेसमेंट में मंगलवार को सीलिंग की कार्रवाई टल गई थी। न्यूटिमा की ओर से हाइकोर्ट में मेडा की कार्रवाई को रोकने के लिए याचिका दाखिल की गई थी। दिनभर न्यूटिमा अस्पताल की खबरें सोशल मीडिया पर छाई रहीं। अस्पताल से जुड़े चिकित्सक भी बयानबाजी करते रहे। वहीं देर शाम मेडा उपाध्यक्ष अभिषेक पांडेय ने स्पष्ट किया कि किसी तरह का कोई स्टे नहीं दिया गया है। हाइकोर्ट ने याचिका का निस्तारण किया है। इसके तहत विकास प्राधिकरण एक बार फिर से मामले को सुनेगा।

यह भी पढ़ें: UP: सर्वोच्च न्यायालय की अधिवक्ता सुबुही खान बोलीं- मैं सनातनी मुस्लिम, मेरा पंथ इस्लाम और संस्कृति हिंदू है

ये रहा घटनाक्रम
स्वीकृति के विरुद्ध निर्माण पर न्यूटिमा को 21 जनवरी 2016 को जारी किया गया नोटिस। 31 अप्रैल 2016 को शमन प्रार्थना पत्र अस्पताल की ओर से दिया गया, मगर शमन मानचित्र प्रस्तुत नहीं किया गया। इस पर 3 मई 2016, 20 जुलाई 2016 व 20 अगस्त 2016 को भेजे गए रिमाइंडर नोटिस। लोअर व अपर बेसमेंट में पार्किंग का प्रावधान था लेकिन ओपीडी, मैनेजमेंट ऑफिस, पैथोलॉजी लैब आदि के रूप में किया जा रहा इस्तेमाल।पार्किंग स्थल में अन्य क्रियाओं पर 25 मई 2018, 22 अक्टूबर 2018 व 3 सितंबर 2021 को भी भेजे गए नोटिस।

यह भी पढ़ें: आमने-सामने: न्यूटिमा विवाद को लेकर अतुल प्रधान का अनशन जारी, IMA चिकित्सक बोले-हमें गुंडों का डर नहीं

- 20 अक्टूबर 2021 को कमिश्नर ने अपील की निस्तारित, बेसमेंट में 40 प्रतिशत क्षेत्र में किए गए पार्टीशन आदि को हटाने के निर्देश दिए गए।
- 16 दिसंबर 2022 के अनुस्मारक में 14 नवंबर 2023 को भी बेसमेंट में अनाधिकृत निर्माण हटाने को दिए नोटिस।
- 5 दिसंबर को सीलिंग की कार्रवाई फोर्स न मिलने और सीएमओ द्वारा भर्ती मरीजों की गंभीर स्थिति का हवाला देते हुए दो सप्ताह का मांगा गया समय।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed