{"_id":"61988c7907c8ed5a7b688c76","slug":"meerut-news-mahamandaleshwar-yatindranand-giri-of-juna-akhara-said-that-the-constitution-of-the-country-should-be-in-accordance-with-sanatan-hinduism","type":"story","status":"publish","title_hn":"मेरठ: जूना अखाड़ा के महामंडलेश्वर यतींद्रानंद गिरि बोले- सनातन हिंदू धर्म के अनुरूप हो देश का संविधान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मेरठ: जूना अखाड़ा के महामंडलेश्वर यतींद्रानंद गिरि बोले- सनातन हिंदू धर्म के अनुरूप हो देश का संविधान
Sat, 20 Nov 2021 11:19 AM IST
कपिल kapil
अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
Published by: कपिल kapil
Updated Sat, 20 Nov 2021 11:19 AM IST
सार
महामंडलेश्वर मथुरा से हरिद्वार लौटते समय शुक्रवार को मेरठ के पल्लवपुरम फेज एक स्थित विधि प्रकोष्ठ के सह संयोजक अधिवक्ता राजेश मोहन के आवास पर पहुंचे। यहां पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि यदि कोई हिंदुत्व का मजाक बनाता है तो वह भारतीय संस्कृति का मजाक है।
विज्ञापन
जूना अखाड़ा के महामंडलेश्वर यतींद्रानंद गिरि
- फोटो : amar ujala
विस्तार
जूना अखाड़ा के महामंडलेश्वर यतींद्रानंद गिरि ने कहा कि भारत सनातन हिंदू संस्कृति का देश है। यहां सबका सम्मान होता है। जब तक देश का संविधान सनातन हिंदू धर्म के अनुरूप नहीं होगा, देश का उत्थान नहीं होगा। उन्होंने कहा कि देश में मुफ्त की राजनीति है। लोकतंत्र के नाम पर वोटों की सियासत होती है। ऐसी राजनीति से समाज में जातिवाद और भेद बढ़ रहा है। लोकतंत्र की सोच में भी परिवर्तन की आवश्यकता है। उन्होंने कहा जनसंख्या नियंत्रण के लिए सख्त कानून को जरूरी बताया।
विज्ञापन
शुक्रवार को महामंडलेश्वर मथुरा से हरिद्वार लौटते समय पल्लवपुरम फेज एक स्थित विधि प्रकोष्ठ के सह संयोजक अधिवक्ता राजेश मोहन के आवास पर पहुंचे। यहां पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि यदि कोई हिंदुत्व का मजाक बनाता है तो वह भारतीय संस्कृति का मजाक है। ऐसा करने वालों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। बिना हिंदुत्व भारत की कल्पना नहीं की जा सकती। जो लोग हिंदुत्व विरोधी हैं, वह भारत विरोधी हैं। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा कि नेहरू के समय से ही कांग्रेस ऐसे रास्ते पर चली, जिससे सनातन संस्कृति को नुकसान पहुंचा। शंकराचार्य को दीपावली के दिन जेल में बंद करा दिया। कांग्रेस कभी तिलक लगाकर कभी जनेऊ पहनकर धार्मिक बनने की कोशिश कर रही है। इससे उन्हें आपत्ति नहीं है, लेकिन इसमें दिखावा ज्यादा हो रहा है। इस मौके पर एडवोकेट नरेंद्र प्रजापति, रेखा, सुशील बस्सी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें: खास रिपोर्ट: खाप की ‘खाद’ से मजबूत हुईं किसान आंदोलन की जड़ें, पढ़िए भाजपा नेताओं पर गुजरी आपबीती की कहानी
विज्ञापन
महामंडलेश्वर ने किया सवाल, कृषि कानून सही थे तो वापस क्यों लिए
पीएम मोदी की घोषणा पर प्रतिक्रिया देते हुए महामंडलेश्वर यतींद्रानंद गिरि ने सरकार पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि यदि कृषि कानून सही थे तो उन्हें वापस क्यों लिया जा रहा है और यदि गलत थे तो सरकार उन्हें लेकर क्यों आई। उन्होंने कहा कि सरकार ने दबाव में आकर ऐसा किया है। यदि दबाव में काम होगा तो इससे देश के विकास में बाधा आएगी।
यह भी पढ़ें: मर्डर की तस्वीरें: सराफ को दिनदहाड़े चाकू से गोदकर मार डाला, सामने आई अनैतिक संबंध की बात, खौफनाक है वारदात