मंडी समिति का दावा फेल: लोगों को नहीं मिला 70 रुपये किलो टमाटर, आसमान छू रहे सब्जियों के दाम
Meerut News : मंडी समिति का पहले दिन ही दावा फेल हो गया। शनिवार को लोगों को 70 रुपये किलो टमाटर नहीं मिल पाया। वहीं, सब्जियों के दाम भी आसमान छू रहे हैं।
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मेरठ में दिल्ली रोड स्थित नवीन सब्जी मंडी में टमाटर के थोक भाव 80 से 90 है। मंडी समिति ने जनता को केवल एक किलो टमाटर थोक के भाव 70 किलो में उपलब्ध कराने के लिए शनिवार को सब्जी मंडी स्थित हाजी की दुकान पर बैनर लगा दिया। बैनर लगते ही दुकान पर टमाटर खरीदने के लिए लोग पहुंचे तो किसी को एक किलो तो दूर 100 ग्राम भी टमाटर नहीं मिला। अब मंडी समिति के अधिकारी मंडी में शनिवार को बहुत कम टमाटर आने की बात कहकर रविवार से स्टॉल शुरू करने की बात कह रहे हैं। हालांकि मंडी समिति की व्यवस्था की पहले दिन ही पोल खुल गई।
मंडी में हिमाचल से टमाटर की आपूर्ति हो रही है। पहाड़ों पर तेज बारिश के चलते जहां टमाटर की फसल को काफी नुकसान हुआ है। वहीं कांवड़ यात्रा के कारण बंद किए गए मार्गों का असर भी टमाटर की कीमत पर दिखाई दे रहा है। दो दिन के भीतर टमाटर में 10 रुपये की तेजी आई है। यह अलग बात है कि थोक में टमाटर 80 से 90 रुपये किलो है, जबकि फुटकर विक्रेता इसी टमाटर को 120 से 150 रुपये किलो बेच रहे हैं।
मंडी समिति ने जनता को केवल एक किलो टमाटर थोक के भाव 70 रुपये किलो में उपलब्ध कराने के लिए मंडी में स्टॉल लगाने का निर्णय लिया है। अकेले नवीन मंडी में प्रतिदिन लगभग दो हजार कैरेट टमाटर की खपत होती है। शनिवार को नवीन मंडी में केवल 50 कैरेट की टमाटर की आपूर्ति हुई। जिसके कारण सस्ती दरों पर टमाटर बेचने के लिए स्टॉल को एक भी टमाटर नहीं मिल सका। मंडी समिति का यह स्टॉल केवल औपचारिकता भर रह गया।
मंडी से गोभी, शिमला मिर्च और मटर भी गायब
कांवड़ यात्रा के कारण रास्ते बंद होने का असर मंडी पर साफ दिखने लगा है। शनिवार को मंडी में टमाटर और प्याज की ही कम आपूर्ति नहीं हुई बल्कि गोभी, शिमला मिर्च, मटर भी मंडी से पूरी तरह गायब रही। स्थानीय सब्जियों में भिंडी, करेला, बैंगन, हरी मिर्च आदि सब्जियों की आपूर्ति पर भी भारी असर पड़ा है।
फलावदा निवासी किसान राजू का कहना है कि बारिश अधिक होने के कारण खेतों में सब्जी उतारने के लिए नहीं घुसा जा रहा है। हरी मिर्च और भिंडी तैयार है लेकिन, बारिश के दौरान खेतों से तोड़ी नहीं जा सकती, इसीलिए मंडी में नहीं भेजी जा रही है।
रविवार को मंडी में टमाटर की पर्याप्त आपूर्ति हुई तो स्टॉल पर मिलेगा टमाटर
मंडी समिति सचिव विजिन कुमार का कहना है कि हमने लोगों को थोक में 70 किलो टमाटर बेचने के लिए पूरी तैयारी कर ली है। शनिवार सुबह 10:00 बजे एक आरती की दुकान पर बैनर भी लगा दिया लेकिन, मंडी में टमाटर की आपूर्ति पर्याप्त न होने के कारण काउंटर पर टमाटर नहीं भेजा जा सका है। अगर मंडी में रविवार को पर्याप्त टमाटर आता है तो मंडी समिति की स्टाल पर लोगों को एक-एक किलो टमाटर थोक के भाव 70 किलो में उपलब्ध कराया जाएगा।
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इनका कहना है कि कावड़ यात्रा के कारण मार्ग बंद होने व हिमाचल में अधिक बारिश के चलते टमाटर की आपूर्ति प्रभावित हुई है।
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सब्जी की आपूर्ति पर निर्धारित होता है रेट
नवीन सब्जी मंडी के प्रधान पदम सिंह सैनी का कहना है कि मंडी में सब्जी की आपूर्ति पर रेट निर्धारित होता है। 15 जुलाई तक मंडी में बाहर से आने वाली ही नहीं बल्कि स्थानीय सब्जियों की आवक कम रहेगी। जिसका असर सब्जियों के लिए में दिखाई देगा। मंडी समिति के अधिकारियों ने जब शनिवार को एक दुकान पर ₹70 किलो थोक भाव में लोगों को 1 किलो टमाटर दिए जाने का बैनर लगाया तो मंडी पदाधिकारियों को जानकारी हुई। अगर मंडी समिति लोगों को लाभ पहुंचाने चाहती है तो व्यापारियों को भी विश्वास में लेना चाहिए।