ब्राउन कैटेगरी में पहुंचा वायु प्रदूषण, कमिश्नर ने चार दिनों के लिए निर्माण कार्यों पर लगाई रोक
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मेरठ में दिवाली के बाद भयावह हुई हवा ने प्रशासन को जगा दिया है। बुधवार को कमिश्नरी सभागार में हुई मंडलीय समीक्षा बैठक में कमिश्नर अनीता सी. मेश्राम ने चार दिनों के लिए शाम छह बजे से सुबह छह बजे तक निर्माण कार्यों पर रोक लगा दी है। मेरठ मंडल में वायु प्रदूषण गंभीर स्थिति (ब्राउन कैटेगरी) में पहुंच चुका है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जाम लगने के दौरान लोगों से गाड़ी बंद करने की अपील करें।
कमिश्नर ने बताया कि दिवाली से पहले मेरठ मंडल में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 300 प्लस की स्थिति में था, जो कि रेड कैटेगरी में आता है। दिवाली के बाद दो-तीन दिन से स्थिति बहुत भयावह है। इस समय मेरठ मंडल का एक्यूआई 400 प्लस यानि ब्राउन कैटेगरी में पहुंच चुका है। मेरठ में बुधवार दोपहर बाद 3.37 बजे एक्यूआई तीन स्टेशनों पर क्रमश: 428, 437 व 417 रहा। कमिश्नर ने एनएचएआई के अधिकारियों को निर्देश दिए कि दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे और पल्लवपुरम में बनाए जा रहे फ्लाईओवर के निकट पानी का छिड़काव कराएं। कृषि विभाग के अधिकारियों से कहा कि मंडल के किसी जनपद में पराली न जलाई जाए। अगर कोई किसान यह करता है तो उसको ऐसा न करने के लिए प्रेरित करें अन्यथा नियमानुसार दंड दें। कमिश्नर ने कहा कि आम लोग भी समीर एप व उप्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की वेबसाइट पर प्रत्येक दिन वायु प्रदूषण की जानकारी ले सकते हैं।
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सख्ती से यह सुनिश्चित कराएं
1. नगर निगम और पालिकाओं क्षेत्र में कूड़ा जलाने पर रोक
2. सड़कों की सफाई के लिए स्वीपिंग मशीनों का प्रयोग
3. ढाबे और रेस्टोरेंट पर कोयले से चलने वाली भट्टियों को कराएं बंद
4. विकास प्राधिकरण से कंस्ट्रक्शन साइट पर रखी निर्माण सामग्री को खुले में रखने से रोक
5. निर्माण सामग्री पर रोजाना पानी का छिड़काव सुनिश्चित कराएं
मंडल में 16 स्टेशन
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड क्षेत्रीय अधिकारी आरके त्यागी ने बताया कि वायु प्रदूषण नापने के लिए मेरठ में तीन स्टेशन, गाजियाबाद में चार, नोएडा में चार, ग्रेटर नोएडा में दो हापुड़, बुलंदशहर व बागपत में एक-एक स्टेशन बनाया गया है। उन्होंने बताया कि बुधवार को गाजियाबाद के वसुंधरा में एक्यूआई 472 व राजनगर में 500 प्लस रहा। गौतमबुद्धनगर में 400 प्लस, बागपत में 400 प्लस, बुलंदशहर में 423 व हापुड में एक्यूआई 429 रहा।
ये रहे मौजूद
जिलाधिकारी मेरठ अनिल ढींगरा, अपर आयुक्त उदयी राम, उपाध्यक्ष एमडीए राजेश पांडेय, जिला वन अधिकारी अदिति शर्मा, नगरायुक्त मेरठ अरविंद चौरसिया, एडीएमई गौतमबुद्धनगर दिवाकर सिंह, गाजियाबाद जेके शर्मा, सचिव जीडीए संतोष राय, मुख्य अभियंता एमडीए दुर्गेश श्रीवास्तव, अपर जिलाधिकारी वित्त बुलंदशहर मनोज सिंघल, अपर जिलाधिकारी वित्त हापुड़ जयनाथ यादव, क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ग्रेटर नोएडा अर्चना द्विवेदी, गाजियाबाद संतोष कुमार सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।
प्रदूषण की श्रेणी
0-50 - ठीक व सामान्य
50-100 - संतोषजनक
100-200 - सीमित
200-300 - खराब (येलो कैटेगरी)
300-400 - अति खराब (रेड कैटेगरी)
400-500 - गंभीर (ब्राउन कैटेगरी)
500 से अधिक - इमरजेंसी
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