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Meerut: कोर्ट के आदेश के बाद भी किसानों को नहीं मिला गन्ना भुगतान, ब्याज समेत बकाया राशि देने की मांग

Tue, 13 Oct 2026 04:51 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ Published by: Dimple Sirohi Updated Tue, 13 Oct 2026 04:51 PM IST
सार

मेरठ के दौराला में किसानों ने कोर्ट के आदेश के बावजूद गन्ना भुगतान नहीं मिलने पर धरना दिया। किसानों ने 1996 से 2026 तक का बकाया ब्याज समेत देने की मांग की। सचिव ने 20 अक्तूबर तक का समय मांगा।

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Daurala Farmers Protest Over Pending Sugarcane Dues, Demand Interest After Court Order, Secretary Seeks Time U
किसान - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

गन्ना मूल्य का बकाया भुगतान नहीं मिलने से नाराज किसानों ने मंगलवार को दौराला स्थित सहकारी गन्ना समिति में धरना दिया। किसानों ने आरोप लगाया कि न्यायालय के आदेश के बावजूद अब तक उन्हें बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान नहीं किया गया है। किसानों ने वर्ष 1996 से 2026 तक की अवधि का बकाया गन्ना मूल्य निर्धारित ब्याज समेत दिलाने की मांग उठाई। करीब ढाई घंटे तक चले धरने के दौरान किसानों ने भुगतान में देरी पर नाराजगी जताते हुए जल्द समाधान की मांग की।

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कोर्ट के आदेश के बाद भी भुगतान नहीं मिलने पर नाराजगी
धरने पर बैठे किसानों का कहना था कि वे लंबे समय से अपने बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान मिलने का इंतजार कर रहे हैं। इसके बावजूद उन्हें अब तक उनका हक नहीं मिला है। किसानों ने न्यायालय के आदेश के बाद भी भुगतान नहीं होने पर सवाल उठाए और संबंधित अधिकारियों से मामले में कार्रवाई की मांग की।
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किसानों ने कहा कि बकाया राशि का भुगतान नहीं होने से उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने मांग की कि वर्ष 1996 से 2026 तक की अवधि के बकाया गन्ना मूल्य की गणना कर नियमानुसार ब्याज सहित भुगतान कराया जाए।

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1996 से 2026 तक का बकाया ब्याज समेत देने की मांग
किसानों ने स्पष्ट किया कि उनकी मांग केवल मूल गन्ना मूल्य के भुगतान तक सीमित नहीं है, बल्कि बकाया राशि पर देय ब्याज भी दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि लंबे समय से लंबित भुगतान का निस्तारण कर किसानों को राहत दी जाए।

धरने के दौरान किसानों ने अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाई और भुगतान की समस्या का जल्द समाधान करने पर जोर दिया। उनका कहना था कि न्यायालय के आदेश के बावजूद भुगतान लंबित रहना चिंता का विषय है।

सचिव ने 20 अक्तूबर तक का समय मांगा
धरने की जानकारी मिलने पर सहकारी गन्ना समिति के सचिव प्रदीप यादव मौके पर पहुंचे। उन्होंने धरने पर बैठे किसानों की समस्याएं सुनीं और भुगतान के संबंध में कार्रवाई के लिए 20 अक्तूबर तक का समय मांगा। सचिव के आश्वासन के बाद किसानों ने अपना धरना समाप्त कर दिया।

किसानों ने कहा कि यदि तय समय तक उनकी समस्या का समाधान नहीं होता है तो वे आगे की रणनीति तैयार करेंगे। अब किसानों की नजर 20 अक्तूबर तक होने वाली कार्रवाई पर टिकी है।

धरने में ये किसान रहे मौजूद
धरने में देवेंद्र चेयरमैन, जयदेव, भूपेंद्र, आकाश, अश्वनी और रविंद्र समेत अन्य किसान मौजूद रहे। किसानों ने बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान ब्याज सहित कराने की मांग दोहराई।

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